विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने महिलाओं के सम्मान, स्वाभिमान और सशक्त भविष्य को लेकर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने संसद और विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने वाले ‘नारी शक्ति वंदन’ अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए समय-सीमा तय किए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया।