डीएम शेखर आनंद की अध्यक्षता में नीलाम पत्रवाद की समीक्षा बैठक, दिए कड़े निर्देश।
आज दिनांक 11 अगस्त 2026 को
जिला समाहरणालय स्थित मंथन सभागार में जिला पदाधिकारी श्री शेखर आनंद एवं पुलिस अधीक्षक द्वारा जिला नीलामपत्रवाद की समीक्षा बैठक की गई। उक्त बैठक में जिले में लंबित नीलामपत्र मामलों के त्वरित निष्पादन, सरकारी राजस्व की वसूली और कानूनी प्रक्रियाओं में तेजी लाने को लेकर कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि जिले में लंबित मामलों की स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त की और सभी नीलामपत्र अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि वे अपने-अपने स्तर से सप्ताह में न्यूनतम 2 दिन कोर्ट (अदालत) अनिवार्य रूप से संचालित करें और मामलों के निष्पादन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
प्रमुख निर्देश एवं कार्ययोजना
जिलाधिकारी द्वारा बैठक में निम्नलिखित मुख्य निर्देश जारी किए गए। सभी नीलामपत्र पदाधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारी को Body Warrant एवं Distress Warrant की कार्यवाही में तेजी लाने और बकाएदारों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने का निर्देश दिया गया।
बैठक में उपस्थित सभी थानाध्यक्षों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने थाना क्षेत्रों में लंबित बॉडी वारंट की तामिला की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित करें। राजस्व वसूली में तेजी: विभिन्न विभागों से जुड़े बकाए की वसूली के लिए संबंधित अधिकारियों को अंतर-विभागीय समन्वय बनाकर काम करने की सलाह दी गई।
इस बैठक में प्रशासनिक एवं पुलिस महकमे के कई प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे जिनमें
अपर समाहर्ता,
अनुमंडल पदाधिकारी,
भूमि सुधार उप समाहर्ता,
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (मुख्यालय)
वरीय उपसमाहर्ता सह जिला गोपनीय प्रभारी पदाधिकारी,
जिले के अन्य सभी नीलामपत्र पदाधिकारी आदि उपस्थित थें।
जिला पदाधिकारी महोदय श्री शेखर आनंद ने अंत में कहा कि नीलामपत्रवाद से जुड़े मामलों में शीघ्र न्याय व निष्पादन से न केवल आम जनता की समस्याओं का समाधान होता है, बल्कि सरकार के राजस्व संग्रहण में भी गति आती है। सभी संबंधित विभाग आपसी तालमेल के साथ दिए गए निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करें।