धमतरी: खरपतवार बनी अमाली की स्व सहायता समूह की महिलाओं के लिए आजीविका का आधार
तालाबों में उगने वाली अजोला को अक्सर बेकार समझा जाता है, लेकिन नगरी ब्लॉक के ग्राम पंचायत अमाली की बिहान स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने इसे आत्मनिर्भरता का जरिया बना दिया है। कृषि सखी अनिता बाई मरकाम ने पशु चिकित्सा विभाग से प्रशिक्षण लेकर घर में टैंकों में अजोला उत्पादन शुरू किया। वैज्ञानिक विधि और नियमित देखभाल से अब तक 25 किलो अजोला तैयार कर चुकी हैं।