देहरा में महिलाओं को सिखाए पोषण के गुर, चुकंदर की खीर और लौकी के हलवे की बताई विधि
फसल विविधीकरण परियोजना के तहत चनौर और कनोल में हुआ पोषण जागरूकता कार्यक्रम
देहरा (कांगड़ा)।
हिमाचल प्रदेश फसल विविधीकरण प्रोत्साहन परियोजना (HPCDP) चरण-II के तहत ग्रामीण महिलाओं को स्वास्थ्य और पोषण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से देहरा क्षेत्र में पोषण जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। खंड परियोजना प्रबंधन इकाई (BPMU) देहरा की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में महिलाओं को संतुलित आहार, स्थानीय फसलों के उपयोग और परिवार के बेहतर स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का आयोजन वहाब सिंचाई उप-परियोजना चनौर और कनोल में किया गया। कार्यक्रम की अगुवाई खंड परियोजना प्रबंधक डॉ. विवेक कंवर ने की, जबकि आयोजन की जिम्मेदारी कृषि विस्तार अधिकारी पुनीत शर्मा ने संभाली।
इस दौरान पोषण विशेषज्ञ अर्चना सूद ने महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि घर में उपलब्ध स्थानीय सब्जियों और अनाजों का सही उपयोग कर परिवार को बेहतर पोषण दिया जा सकता है। उन्होंने महिलाओं को प्रोटीन, विटामिन और खनिज तत्वों से भरपूर संतुलित आहार लेने के महत्व के बारे में जानकारी दी।
कार्यक्रम में महिलाओं को स्थानीय सब्जियों से तैयार होने वाले पौष्टिक व्यंजनों की विधियां भी बताई गईं। चुकंदर की खीर और लौकी के हलवे ने महिलाओं का विशेष ध्यान आकर्षित किया। विशेषज्ञ ने बताया कि चुकंदर जहां शरीर के लिए लाभकारी पोषक तत्वों का अच्छा स्रोत है, वहीं लौकी से तैयार व्यंजन भी स्वाद के साथ सेहत के लिए उपयोगी हैं।
महिलाओं ने कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लिया और पोषण विशेषज्ञ द्वारा दी गई जानकारियों की सराहना की। अधिकारियों ने बताया कि फसल विविधीकरण परियोजना का उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाने के साथ-साथ ग्रामीण परिवारों में पोषण सुरक्षा को मजबूत करना भी है।
इस तरह के कार्यक्रमों से महिलाएं अपने परिवार के खानपान और स्वास्थ्य को लेकर अधिक जागरूक होंगी तथा स्थानीय उत्पादों के बेहतर उपयोग को बढ़ावा मिलेगा।