सुप्रीम कोर्ट के वकील फिर पहुंचे नियमों का पुलिंदा लेकर, सात मोड़ पर पेड़ों की कटाई पर उठाए सवाल!!
ऋषिकेश के सात मोड़ क्षेत्र में पेड़ों की कटाई को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट के एक अधिवक्ता फिर मौके पर पहुंचे और अपने साथ वन संरक्षण, पर्यावरणीय स्वीकृतियों तथा न्यायालय के विभिन्न आदेशों से संबंधित दस्तावेजों का पुलिंदा लेकर अधिकारियों के समक्ष कई कानूनी सवाल उठाए।
अधिवक्ता ने दावा किया कि यदि पेड़ों की कटाई निर्धारित नियमों और आवश्यक अनुमतियों के अनुरूप नहीं की जा रही है तो यह मामला न्यायिक समीक्षा के दायरे में आ सकता है। उन्होंने संबंधित विभागों से कटाई की अनुमति, पर्यावरणीय मंजूरी और अन्य कानूनी प्रक्रियाओं से जुड़े दस्तावेज सार्वजनिक करने की मांग की।
इस दौरान उत्तराखंड क्रांति दल (UKD) और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यकर्ताओं ने भी मौके पर विरोध प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि विकास परियोजनाओं के नाम पर पर्यावरणीय मानकों की अनदेखी की जा रही है, जबकि प्रशासन का कहना है कि सभी कार्य निर्धारित स्वीकृतियों और नियमों के तहत किए जा रहे हैं।
सात मोड़ पर जारी पेड़ों की कटाई को लेकर अब यह मामला पर्यावरण संरक्षण बनाम विकास की बहस का केंद्र बनता जा रहा है।