29 जून को लेटाल गांव की गर्भवती सरिता देवी और नवजात की कर्णप्रयाग ले जाते समय एम्बुलेंस में मौत हो गई थी। परिजनों ने थराली अस्पताल पर लापरवाही और एम्बुलेंस में ऑक्सीजन न होने का आरोप लगाते हुए जांच की मांग की थी।
लंबे समय तक कार्रवाई न होने से मृतका के पति नरेंद्र कुमार मंगलवार को अपने दो मासूम बच्चों और मां के साथ थराली मोटर पुल पर धरने पर बैठ गए। उन्होंने जांच न होने पर पिंडर नदी में छलांग लगाने की चेतावनी भी दी। सूचना पर एसडीएम यशवीर रावत मौके पर पहुंचे और उन्हें समझाकर वार्ता के लिए तहसील ले गए। नरेंद्र का आरोप है कि जांच प्रक्रिया में भी उन्हें गुमराह किया गया।