Public App Logo
Jansamasya
News
पुलिस
Bjp
National
Police
Bihar
India
जनसमस्या
चुनाव
बीजेपी
भाजपा
Congress
Modi
Delhi
Viral
Up
Iyc
Bollywood
Patna
Breakingnews
महिला
Narendramodi
Nitishkumar
Madhya_pradesh
Mp
Madhyapradesh
Ahmedabad
Pmmodi
Rahulgandhi

संगरिया की आवाज़। कें मेरे प्रिय पाठकों और फेसबुक मित्रों के नाम... मैं कोई भगवान या भविष्यवक्ता नहीं हूँ। मेरी हर पोस्ट किसी न किसी समाचार, सूचना, रिपोर्ट, वीडियो, लेख या अन्य स्रोत पर आधारित होती है। मैं कोई खबर अपने मन से नहीं गढ़ता, बल्कि जो देखता, सुनता या पढ़ता हूँ, उसी के आधार पर अपने विचार और जानकारी आपके सामने रखता हूँ। यह भी संभव है कि कभी-कभी मेरे पास पहुँची जानकारी या उसका स्रोत गलत साबित हो जाए। ऐसे में यदि मेरी कोई पोस्ट तथ्यात्मक रूप से गलत निकलती है, तो उसके लिए मैं अपने पाठकों से माफी मांगने में बिल्कुल संकोच नहीं करता। हालांकि ऐसे अवसर बहुत कम आते हैं, शायद वर्ष-दो वर्ष में एकाध बार। पिछले दिनों मेरी एक पोस्ट पर कई मित्रों ने टिप्पणी की कि मैंने फलां यूट्यूब चैनल की वीडियो देखकर वह पोस्ट लिखी है। मैं उन सभी मित्रों से कहना चाहता हूँ कि हाँ, मैं भी किसी न किसी स्रोत से ही जानकारी प्राप्त करता हूँ। कोई भी समाचार मेरे मन में स्वतः उत्पन्न नहीं होता। लेकिन यह भी समझने की आवश्यकता है कि जिस यूट्यूब चैनल का आप उल्लेख कर रहे हैं, उसने भी अपनी सामग्री किसी समाचार, रिपोर्ट, दस्तावेज़ या अन्य स्रोत के आधार पर ही बनाई होगी। क्या यह संभव नहीं कि मेरा और उस चैनल का स्रोत एक ही रहा हो? इसलिए यदि आपको कोई खबर पहले कहीं और देखने को मिल गई है, तो इसे नकारात्मक रूप में लेने के बजाय इस बात की खुशी होनी चाहिए कि आप एक सजग और जागरूक नागरिक हैं। क्योंकि ऐसी अनेक खबरें और विषय मुख्यधारा के बड़े समाचार चैनलों तक भी नहीं पहुँचते, या वे उन्हें महत्व नहीं देते। मेरा प्रयास हमेशा यही रहता है कि जो जानकारी मुझे महत्वपूर्ण लगती है, उसे आप तक पहुँचाऊँ। आपकी आलोचना, सुझाव और तथ्यात्मक सुधार हमेशा स्वागत योग्य हैं, क्योंकि इन्हीं से संवाद मजबूत होता है और जानकारी अधिक सटीक बनती है। Vijay Singh Beniwal – संगरिया की आवाज़

Sangaria, Hanumangarh | Jun 5, 2026

MORE NEWS

#संगरिया में आवारा 🐕‍🦺🦮🐕🐩कुत्तों (टोमी) का 'खूनी आतंक', क्या नगर पालिका अभी भी गहरी नींद में है?
संगरिया की आवाज़ 
गुरु नानक बस्ती अब धीरे-धीरे "डेंजर ज़ोन" में तब्दील होती नजर आ रही है। सवाल यह है कि आखिर संगरिया नगर पालिका जागेगी कब? या फिर हर नई घटना के बाद केवल फाइलों में ही कार्रवाई होती रहेगी?
संगरिया शहर में आवारा और खूंखार कुत्तों का आतंक इस कदर बढ़ चुका है कि अब नागरिक अपने ही घरों से बाहर निकलने में खौफ महसूस कर रहे हैं। नगर पालिका के दावों और जमीनी हकीकत के बीच का अंतर अब खुलकर सामने दिखाई दे रहा है। शहर की सड़कें, गलियां और सार्वजनिक स्थल आमजन के लिए असुरक्षित होते जा रहे हैं, जबकि जिम्मेदार तंत्र मानो किसी बड़े हादसे की प्रतीक्षा में बैठा हो।
#आज, 12 जून 2026 को सुबह करीब 7 बजे, गुरु नानक बस्ती (वार्ड नं. 30) में एक और दर्दनाक घटना सामने आई। यहां एक 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला पर आवारा कुत्तों के झुंड ने हमला कर दिया। महिला को हाथ-पैर सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं और वे अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही हैं।
घटना के बाद शहरवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। वार्ड नंबर 28 से 30 के निवासियों ने एकजुट होकर उपखण्ड अधिकारी (एसडीएम) को ज्ञापन सौंपते हुए नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
खूनी आंकड़े पूछ रहे हैं सवाल — आखिर कब जागेगा प्रशासन?
ज्ञापन में नागरिकों ने उन घटनाओं का उल्लेख किया है जो यह बताने के लिए काफी हैं कि समस्या कितनी गंभीर हो चुकी है—
🔴 🐕‍🦺 ताजा हमला: आज ही वार्ड 30 में 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला को कुत्तों ने बुरी तरह लहूलुहान कर दिया।
🔴 🐕बाइक सवार पर हमला: वार्ड 29 के निवासी संजय सोनी पर पालतू कुत्ते ने हमला किया, जिससे वे बाइक सहित गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए।
🔴 🦮मौत का शिकार: गत वर्ष वार्ड नं. 16 में एक महिला कुत्तों के हमले से बचने के प्रयास में सड़क पर गिर गई थी, जिससे उसकी असमय मृत्यु हो गई।
🔴 🐕मासूम भी सुरक्षित नहीं: पिछले महीने वार्ड 16 में महज 2 वर्षीय मासूम बालक केशव को कुत्ते ने काटकर गंभीर रूप से घायल कर दिया।
🔴 🐕 दिग्गज भी निशाने पर: विश्व हिन्दू परिषद के अध्यक्ष श्री जितेन्द्र मोहन ऐरी भी इन खूंखार कुत्तों के हमले का शिकार हो चुके हैं।
🔴 🐩पुलिस में मामला दर्ज: वार्ड 23 के बुजुर्ग देवीलाल पर हुए हमले के बाद थाने में बाकायदा मामला तक दर्ज कराया जा चुका है।
इसके अलावा वार्ड नंबर 4, 12, 13, 19, 23, 25 और 29 सहित कई क्षेत्रों में आए दिन बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को कुत्तों द्वारा निशाना बनाए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं।
सार्वजनिक स्थल बन रहे हैं 'नो-गो ज़ोन'
शहर के मुख्य मार्ग, बाजार, स्कूल-कॉलेज, धार्मिक स्थल जैसे गुरुद्वारा साहिब, एसकेजीवी कॉलेज और चौटाला रोड पर सुबह-शाम कुत्तों के झुंड खुलेआम घूमते देखे जा सकते हैं। रोजाना हजारों लोगों की आवाजाही वाले इन क्षेत्रों में भय का माहौल बना हुआ है।
कुछ लोगों द्वारा सार्वजनिक स्थानों पर नियमित रूप से कुत्तों को भोजन डालने के कारण उनकी संख्या एक ही स्थान पर एकत्रित हो रही है, जिससे राहगीरों का निकलना तक मुश्किल हो गया है। दूसरी ओर साफ-सफाई और जनसुरक्षा के बड़े-बड़े दावे करने वाली नगर पालिका की सक्रियता शायद केवल बैठकों और कागजी रिपोर्टों तक सीमित दिखाई देती है।
वार्डवासियों की प्रमुख मांगें
वार्ड नं. 28 से 30 के नागरिकों ने प्रशासन के समक्ष निम्नलिखित मांगें रखी हैं—
✔️ संगरिया शहर में विशेष अभियान चलाकर सभी खतरनाक और आक्रामक आवारा कुत्तों को तुरंत पकड़ा जाए।
✔️ जो मालिक अपने पालतू कुत्तों को खुला छोड़ते हैं, उन पर भारी जुर्माना लगाया जाए तथा सभी पालतू कुत्तों का पंजीकरण अनिवार्य किया जाए।
✔️ नगर पालिका 15 दिनों के भीतर इस समस्या के समाधान की स्पष्ट कार्ययोजना सार्वजनिक करे।
✔️ कुत्तों के हमलों में घायल हुए पीड़ितों को उचित आर्थिक सहायता और मुआवजा दिया जाए।
✔️ जिन अधिकारियों ने पूर्व में प्राप्त शिकायतों पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की, उनकी जवाबदेही तय कर कार्रवाई की जाए।
15 दिन का अल्टीमेटम, नहीं तो होगा जनआंदोलन
वार्डवासियों, सामाजिक संगठनों और पीड़ित परिवारों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर कोई ठोस और प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो नागरिक, सामाजिक संगठन, व्यापार मंडल और पीड़ित परिवार संयुक्त रूप से नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ धरना-प्रदर्शन, उग्र आंदोलन और चक्का जाम करने को मजबूर होंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।
एक और बड़ा सवाल, जिसका जवाब नगर पालिका को देना चाहिए
जब पिछले कई वर्षों से कुत्तों के हमलों की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, तो आखिर पिछले 5 वर्षों में नगर पालिका द्वारा आवारा कुत्तों की संख्या नियंत्रित करने के लिए #नसबंदी (ABC) योजना पर क्या कार्य किया गया?
क्या किसी व्यवस्थित #डॉग_शेल्टर_हाउस की स्थापना की गई?
यदि की गई तो उसकी क्षमता, खर्च और वर्तमान स्थिति क्या है?
यदि नहीं की गई, तो आखिर क्यों नहीं?
और यदि योजनाएं बनी थीं, तो उनका परिणाम जमीन पर क्यों दिखाई नहीं दे रहा?
आखिर जनता जानना चाहती है...
क्या नगर पालिका किसी और बड़े हादसे, किसी मासूम की जान जाने या किसी गंभीर जनहानि का इंतजार कर रही है?
या फिर इस बार केवल आश्वासन नहीं, बल्कि धरातल पर कार्रवाई भी दिखाई देगी?
संगरिया की जनता जवाब चाहती है — और जवाब अब शब्दों में नहीं, कार्रवाई में चाहिए।
(संगरिया नगर पालिका ने पहले वक्त में सुरों से शहर को निजात दिलाई थी फिर राज्य सरकार नंदी गौशाला व नगर पालिका के सहयोग से मोटे तौर पर नंदीयों से छुटकारा मिल गया तो क्या #आवारा_कुत्तों से छुटकारा नहीं मिल सकता संगरिया नगरपालिका एक प्रयास तो करके देखें)
संगरिया की आवाज़। 
Government of Rajasthan संगरिया पुलिस Jai Kaushik  
District Collector & Magistrate - Hanumangarh

#संगरिया में आवारा 🐕‍🦺🦮🐕🐩कुत्तों (टोमी) का 'खूनी आतंक', क्या नगर पालिका अभी भी गहरी नींद में है? संगरिया की आवाज़ गुरु नानक बस्ती अब धीरे-धीरे "डेंजर ज़ोन" में तब्दील होती नजर आ रही है। सवाल यह है कि आखिर संगरिया नगर पालिका जागेगी कब? या फिर हर नई घटना के बाद केवल फाइलों में ही कार्रवाई होती रहेगी? संगरिया शहर में आवारा और खूंखार कुत्तों का आतंक इस कदर बढ़ चुका है कि अब नागरिक अपने ही घरों से बाहर निकलने में खौफ महसूस कर रहे हैं। नगर पालिका के दावों और जमीनी हकीकत के बीच का अंतर अब खुलकर सामने दिखाई दे रहा है। शहर की सड़कें, गलियां और सार्वजनिक स्थल आमजन के लिए असुरक्षित होते जा रहे हैं, जबकि जिम्मेदार तंत्र मानो किसी बड़े हादसे की प्रतीक्षा में बैठा हो। #आज, 12 जून 2026 को सुबह करीब 7 बजे, गुरु नानक बस्ती (वार्ड नं. 30) में एक और दर्दनाक घटना सामने आई। यहां एक 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला पर आवारा कुत्तों के झुंड ने हमला कर दिया। महिला को हाथ-पैर सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं और वे अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही हैं। घटना के बाद शहरवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। वार्ड नंबर 28 से 30 के निवासियों ने एकजुट होकर उपखण्ड अधिकारी (एसडीएम) को ज्ञापन सौंपते हुए नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। खूनी आंकड़े पूछ रहे हैं सवाल — आखिर कब जागेगा प्रशासन? ज्ञापन में नागरिकों ने उन घटनाओं का उल्लेख किया है जो यह बताने के लिए काफी हैं कि समस्या कितनी गंभीर हो चुकी है— 🔴 🐕‍🦺 ताजा हमला: आज ही वार्ड 30 में 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला को कुत्तों ने बुरी तरह लहूलुहान कर दिया। 🔴 🐕बाइक सवार पर हमला: वार्ड 29 के निवासी संजय सोनी पर पालतू कुत्ते ने हमला किया, जिससे वे बाइक सहित गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। 🔴 🦮मौत का शिकार: गत वर्ष वार्ड नं. 16 में एक महिला कुत्तों के हमले से बचने के प्रयास में सड़क पर गिर गई थी, जिससे उसकी असमय मृत्यु हो गई। 🔴 🐕मासूम भी सुरक्षित नहीं: पिछले महीने वार्ड 16 में महज 2 वर्षीय मासूम बालक केशव को कुत्ते ने काटकर गंभीर रूप से घायल कर दिया। 🔴 🐕 दिग्गज भी निशाने पर: विश्व हिन्दू परिषद के अध्यक्ष श्री जितेन्द्र मोहन ऐरी भी इन खूंखार कुत्तों के हमले का शिकार हो चुके हैं। 🔴 🐩पुलिस में मामला दर्ज: वार्ड 23 के बुजुर्ग देवीलाल पर हुए हमले के बाद थाने में बाकायदा मामला तक दर्ज कराया जा चुका है। इसके अलावा वार्ड नंबर 4, 12, 13, 19, 23, 25 और 29 सहित कई क्षेत्रों में आए दिन बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को कुत्तों द्वारा निशाना बनाए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। सार्वजनिक स्थल बन रहे हैं 'नो-गो ज़ोन' शहर के मुख्य मार्ग, बाजार, स्कूल-कॉलेज, धार्मिक स्थल जैसे गुरुद्वारा साहिब, एसकेजीवी कॉलेज और चौटाला रोड पर सुबह-शाम कुत्तों के झुंड खुलेआम घूमते देखे जा सकते हैं। रोजाना हजारों लोगों की आवाजाही वाले इन क्षेत्रों में भय का माहौल बना हुआ है। कुछ लोगों द्वारा सार्वजनिक स्थानों पर नियमित रूप से कुत्तों को भोजन डालने के कारण उनकी संख्या एक ही स्थान पर एकत्रित हो रही है, जिससे राहगीरों का निकलना तक मुश्किल हो गया है। दूसरी ओर साफ-सफाई और जनसुरक्षा के बड़े-बड़े दावे करने वाली नगर पालिका की सक्रियता शायद केवल बैठकों और कागजी रिपोर्टों तक सीमित दिखाई देती है। वार्डवासियों की प्रमुख मांगें वार्ड नं. 28 से 30 के नागरिकों ने प्रशासन के समक्ष निम्नलिखित मांगें रखी हैं— ✔️ संगरिया शहर में विशेष अभियान चलाकर सभी खतरनाक और आक्रामक आवारा कुत्तों को तुरंत पकड़ा जाए। ✔️ जो मालिक अपने पालतू कुत्तों को खुला छोड़ते हैं, उन पर भारी जुर्माना लगाया जाए तथा सभी पालतू कुत्तों का पंजीकरण अनिवार्य किया जाए। ✔️ नगर पालिका 15 दिनों के भीतर इस समस्या के समाधान की स्पष्ट कार्ययोजना सार्वजनिक करे। ✔️ कुत्तों के हमलों में घायल हुए पीड़ितों को उचित आर्थिक सहायता और मुआवजा दिया जाए। ✔️ जिन अधिकारियों ने पूर्व में प्राप्त शिकायतों पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की, उनकी जवाबदेही तय कर कार्रवाई की जाए। 15 दिन का अल्टीमेटम, नहीं तो होगा जनआंदोलन वार्डवासियों, सामाजिक संगठनों और पीड़ित परिवारों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर कोई ठोस और प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो नागरिक, सामाजिक संगठन, व्यापार मंडल और पीड़ित परिवार संयुक्त रूप से नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ धरना-प्रदर्शन, उग्र आंदोलन और चक्का जाम करने को मजबूर होंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी। एक और बड़ा सवाल, जिसका जवाब नगर पालिका को देना चाहिए जब पिछले कई वर्षों से कुत्तों के हमलों की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, तो आखिर पिछले 5 वर्षों में नगर पालिका द्वारा आवारा कुत्तों की संख्या नियंत्रित करने के लिए #नसबंदी (ABC) योजना पर क्या कार्य किया गया? क्या किसी व्यवस्थित #डॉग_शेल्टर_हाउस की स्थापना की गई? यदि की गई तो उसकी क्षमता, खर्च और वर्तमान स्थिति क्या है? यदि नहीं की गई, तो आखिर क्यों नहीं? और यदि योजनाएं बनी थीं, तो उनका परिणाम जमीन पर क्यों दिखाई नहीं दे रहा? आखिर जनता जानना चाहती है... क्या नगर पालिका किसी और बड़े हादसे, किसी मासूम की जान जाने या किसी गंभीर जनहानि का इंतजार कर रही है? या फिर इस बार केवल आश्वासन नहीं, बल्कि धरातल पर कार्रवाई भी दिखाई देगी? संगरिया की जनता जवाब चाहती है — और जवाब अब शब्दों में नहीं, कार्रवाई में चाहिए। (संगरिया नगर पालिका ने पहले वक्त में सुरों से शहर को निजात दिलाई थी फिर राज्य सरकार नंदी गौशाला व नगर पालिका के सहयोग से मोटे तौर पर नंदीयों से छुटकारा मिल गया तो क्या #आवारा_कुत्तों से छुटकारा नहीं मिल सकता संगरिया नगरपालिका एक प्रयास तो करके देखें) संगरिया की आवाज़। Government of Rajasthan संगरिया पुलिस Jai Kaushik District Collector & Magistrate - Hanumangarh

Sangaria, Hanumangarh | Jun 12, 2026

अतिथि देवो भव्:
Uday Singh Beniwal 
Vipul Beniwal 
संगरिया की आवाज़।

अतिथि देवो भव्: Uday Singh Beniwal Vipul Beniwal संगरिया की आवाज़।

Sangaria, Hanumangarh | Jun 12, 2026

अतिथि देवो भव्:

अतिथि देवो भव्:

Sangaria, Hanumangarh | Jun 12, 2026

#जिंदगी_के_हसीन_मेले
#अतिथि_देवो_भवः ❤️
संगरिया की आवाज़। 
आज का दिन आत्मीयता, अपनत्व और रिश्तों की मिठास से भरपूर रहा। हमारे छोटे भाई जयदीप गोदारा (अमेरिका) के साथी, रायसिंहनगर से सोशल मीडिया पर अपनी बागड़ी बोली की अनूठी हास्य प्रस्तुतियों से लोगों के चेहरों पर मुस्कान बिखेरने वाले लोकप्रिय कलाकार सुधीर (रूबी गॉड, गुलिया, रोडिया) अपने आदरणीय दादाजी एवं चाचा जी के साथ स्नेहभरी मुलाकात के लिए पधारे।
डिजिटल दुनिया में अक्सर लोगों की पहचान केवल नाम और स्क्रीन तक सीमित रह जाती है, लेकिन जब वही रिश्ते वास्तविक जीवन में मिलते हैं तो अपनत्व का एक नया अध्याय शुरू होता है। आज की यह मुलाकात भी कुछ ऐसी ही रही। हंसी-मजाक, बागड़ी संस्कृति, सामाजिक सरोकारों और गांव-देहात की मिट्टी से जुड़ी अनेक यादों के बीच समय का पता ही नहीं चला।
सुधीर जी अपने हास्य पात्रों के माध्यम से जिस सहजता से बागड़ी बोली और ग्रामीण जीवन की झलक प्रस्तुत करते हैं, वह न केवल मनोरंजन का माध्यम है बल्कि हमारी लोक संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का भी सराहनीय प्रयास है। ऐसे रचनात्मक युवा वास्तव में समाज की सांस्कृतिक धरोहर को जीवंत रखने का कार्य कर रहे हैं।
हमारे यहां कहा जाता है— "अतिथि देवो भवः", और जब अतिथि अपनेपन से भरपूर हों तो घर का माहौल और भी खुशनुमा हो जाता है। आज की यह मुलाकात केवल एक औपचारिक भेंट नहीं, बल्कि रिश्तों, संस्कारों और सामाजिक सौहार्द का सुंदर संगम रही।
ईश्वर से प्रार्थना है कि भाईचारे, प्रेम और सम्मान की यह डोर हमेशा मजबूत बनी रहे तथा ऐसे मिलने-जुलने के अवसर जीवन को यूं ही खूबसूरत बनाते रहें।
आप सभी सम्मानित अतिथियों का हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन। 🙏🌹
Vijay Singh Beniwal 
संगरिया की आवाज़ 
Vipul Beniwal 

#जिंदगी_के_हसीन_मेले #अतिथि_देवो_भवः #संगरिया_की_आवाज़ #बागड़ी_संस्कृति #रायसिंहनगर #सोशल_मीडिया_मित्र #भाईचारा #अपनापन

#जिंदगी_के_हसीन_मेले #अतिथि_देवो_भवः ❤️ संगरिया की आवाज़। आज का दिन आत्मीयता, अपनत्व और रिश्तों की मिठास से भरपूर रहा। हमारे छोटे भाई जयदीप गोदारा (अमेरिका) के साथी, रायसिंहनगर से सोशल मीडिया पर अपनी बागड़ी बोली की अनूठी हास्य प्रस्तुतियों से लोगों के चेहरों पर मुस्कान बिखेरने वाले लोकप्रिय कलाकार सुधीर (रूबी गॉड, गुलिया, रोडिया) अपने आदरणीय दादाजी एवं चाचा जी के साथ स्नेहभरी मुलाकात के लिए पधारे। डिजिटल दुनिया में अक्सर लोगों की पहचान केवल नाम और स्क्रीन तक सीमित रह जाती है, लेकिन जब वही रिश्ते वास्तविक जीवन में मिलते हैं तो अपनत्व का एक नया अध्याय शुरू होता है। आज की यह मुलाकात भी कुछ ऐसी ही रही। हंसी-मजाक, बागड़ी संस्कृति, सामाजिक सरोकारों और गांव-देहात की मिट्टी से जुड़ी अनेक यादों के बीच समय का पता ही नहीं चला। सुधीर जी अपने हास्य पात्रों के माध्यम से जिस सहजता से बागड़ी बोली और ग्रामीण जीवन की झलक प्रस्तुत करते हैं, वह न केवल मनोरंजन का माध्यम है बल्कि हमारी लोक संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का भी सराहनीय प्रयास है। ऐसे रचनात्मक युवा वास्तव में समाज की सांस्कृतिक धरोहर को जीवंत रखने का कार्य कर रहे हैं। हमारे यहां कहा जाता है— "अतिथि देवो भवः", और जब अतिथि अपनेपन से भरपूर हों तो घर का माहौल और भी खुशनुमा हो जाता है। आज की यह मुलाकात केवल एक औपचारिक भेंट नहीं, बल्कि रिश्तों, संस्कारों और सामाजिक सौहार्द का सुंदर संगम रही। ईश्वर से प्रार्थना है कि भाईचारे, प्रेम और सम्मान की यह डोर हमेशा मजबूत बनी रहे तथा ऐसे मिलने-जुलने के अवसर जीवन को यूं ही खूबसूरत बनाते रहें। आप सभी सम्मानित अतिथियों का हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन। 🙏🌹 Vijay Singh Beniwal संगरिया की आवाज़ Vipul Beniwal #जिंदगी_के_हसीन_मेले #अतिथि_देवो_भवः #संगरिया_की_आवाज़ #बागड़ी_संस्कृति #रायसिंहनगर #सोशल_मीडिया_मित्र #भाईचारा #अपनापन

Sangaria, Hanumangarh | Jun 12, 2026

Government of Rajasthan 
Ganganagar Police 
पुलिस, बीएसएफ और CID की संयुक्त कार्रवाई, 
संगरिया की आवाज़। 
मण्डी 365 हैड के एक घर में दी दबिश,
करीब 300 ग्राम हेरोइन, 2 लाख रुपये और 2 फोन मिले धरती में गाड़े हुए,
2 फोनों में से एक फोन आईफोन-16
आरोपी कुलदीप सिंह को किया राउंड अप 
एडिशनल एसपी रामेश्वर लाल मौके पर मौजूद,
फिलहाल चल रही है बीएसएफ और सीआईडी और पुलिस की कार्रवाई,
संगरिया की आवाज़ 
#rawla #anupgarh #police #CID #bsf

Government of Rajasthan Ganganagar Police पुलिस, बीएसएफ और CID की संयुक्त कार्रवाई, संगरिया की आवाज़। मण्डी 365 हैड के एक घर में दी दबिश, करीब 300 ग्राम हेरोइन, 2 लाख रुपये और 2 फोन मिले धरती में गाड़े हुए, 2 फोनों में से एक फोन आईफोन-16 आरोपी कुलदीप सिंह को किया राउंड अप एडिशनल एसपी रामेश्वर लाल मौके पर मौजूद, फिलहाल चल रही है बीएसएफ और सीआईडी और पुलिस की कार्रवाई, संगरिया की आवाज़ #rawla #anupgarh #police #CID #bsf

Sangaria, Hanumangarh | Jun 12, 2026

संगरिया की आवाज़। कें मेरे प्रिय पाठकों और फेसबुक मित्रों के नाम... मैं कोई भगवान या भविष्यवक्ता नहीं हूँ। मेरी हर पोस्ट किसी न किसी समाचार, सूचना, रिपोर्ट, वीडियो, लेख या अन्य स्रोत पर आधारित होती है। मैं कोई खबर अपने मन से नहीं गढ़ता, बल्कि जो देखता, सुनता या पढ़ता हूँ, उसी के आधार पर अपने विचार और जानकारी आपके सामने रखता हूँ। यह भी संभव है कि कभी-कभी मेरे पास पहुँची जानकारी या उसका स्रोत गलत साबित हो जाए। ऐसे में यदि मेरी कोई पोस्ट तथ्यात्मक रूप से गलत निकलती है, तो उसके लिए मैं अपने पाठकों से माफी मांगने में बिल्कुल संकोच नहीं करता। हालांकि ऐसे अवसर बहुत कम आते हैं, शायद वर्ष-दो वर्ष में एकाध बार। पिछले दिनों मेरी एक पोस्ट पर कई मित्रों ने टिप्पणी की कि मैंने फलां यूट्यूब चैनल की वीडियो देखकर वह पोस्ट लिखी है। मैं उन सभी मित्रों से कहना चाहता हूँ कि हाँ, मैं भी किसी न किसी स्रोत से ही जानकारी प्राप्त करता हूँ। कोई भी समाचार मेरे मन में स्वतः उत्पन्न नहीं होता। लेकिन यह भी समझने की आवश्यकता है कि जिस यूट्यूब चैनल का आप उल्लेख कर रहे हैं, उसने भी अपनी सामग्री किसी समाचार, रिपोर्ट, दस्तावेज़ या अन्य स्रोत के आधार पर ही बनाई होगी। क्या यह संभव नहीं कि मेरा और उस चैनल का स्रोत एक ही रहा हो? इसलिए यदि आपको कोई खबर पहले कहीं और देखने को मिल गई है, तो इसे नकारात्मक रूप में लेने के बजाय इस बात की खुशी होनी चाहिए कि आप एक सजग और जागरूक नागरिक हैं। क्योंकि ऐसी अनेक खबरें और विषय मुख्यधारा के बड़े समाचार चैनलों तक भी नहीं पहुँचते, या वे उन्हें महत्व नहीं देते। मेरा प्रयास हमेशा यही रहता है कि जो जानकारी मुझे महत्वपूर्ण लगती है, उसे आप तक पहुँचाऊँ। आपकी आलोचना, सुझाव और तथ्यात्मक सुधार हमेशा स्वागत योग्य हैं, क्योंकि इन्हीं से संवाद मजबूत होता है और जानकारी अधिक सटीक बनती है। Vijay Singh Beniwal – संगरिया की आवाज़ - Sangaria News