सुराणी में गहराता जल संकट, सूखने की कगार पर एकमात्र तालाब
1200 घरों और आसपास के 15 गांवों की प्यास इसी तालाब पर निर्भर, गौवंश के सामने भी चारे-पानी का संकट CMO Rajasthan Barmer District Collector & Magistrate Dr Priyanka Chaudhary
बालेसर तहसील की नवनिर्मित ग्राम पंचायत सुराणी में मानसून की कमजोर बारिश के चलते जल संकट गंभीर होता जा रहा है। गांव में 1200 घरों के साथ गौवंश और वन्यजीवों के लिए पानी का प्रमुख सहारा बना एकमात्र तालाब अब पूरी तरह सूखने की कगार पर पहुंच गया है।
वन्यजीव-जंतु संरक्षण उपाध्यक्ष मोहित राजपुरोहित ने बताया कि सुराणी का यही तालाब आसपास के करीब 15 गांवों की पानी की जरूरत पूरी करता है। पानी घटने के साथ अब तालाब पर टैंकर, ट्रैक्टर-ट्रॉलियों, पैदल ग्रामीणों और पशुपालकों की भीड़ बढ़ती जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि एक सप्ताह के भीतर चारे और पानी की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई, तो हालात और गंभीर हो सकते हैं। इसका सीधा असर गौवंश, किसानों, पशुपालकों और मजदूर परिवारों पर पड़ने की आशंका है।
ग्रामीणों ने राजस्थान सरकार और प्रशासन से तत्काल पेयजल, पशुओं के लिए पानी तथा चारे की व्यवस्था शुरू करने की मांग की है, ताकि संकट को विकराल होने से पहले रोका जा सके।
Barmer, Barmer | Oct 2, 2026