सांस्कृतिक गतिविधियाँ विद्यार्थियों के व्यक्तिगत विकास एवं प्रतिभा निखारने में सहायक-शिवरतन गुप्ता
वैश्य महाविद्यालय भिवानी के सांस्कृतिक प्रकोष्ठ द्वारा महाविद्यालय प्रांगण में किया गया चौ. बंसीलाल विश्वविद्यालय द्वारा महिला महाविद्यालय झोझुक़ला में होने वाले युवा समारोह में दी जाने वाली सभी प्रस्तुतियों का पूर्वालोकन कार्यक्रम का आयोजन।
भिवानी 21अक्टूबर 2026
विद्यार्थियों की प्रतिभा को निखारने के लिए सही प्रशिक्षण एवं प्लेटफार्म के साथ प्रोत्साहन और बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की आवश्यकता है। सांस्कृतिक गतिविधियाँ विद्यार्थियों के व्यक्तिगत विकास एवं प्रतिभा निखारने में सहायक का काम करती हैं यह बात स्थानीय वैश्य महाविद्यालय भिवानी के सांस्कृतिक प्रकोष्ठ द्वारा महाविद्यालय प्रांगण में आयोजित चौ. बंसीलाल विश्वविद्यालय द्वारा महिला महाविद्यालय झोझुक़ला में होने वाले युवा समारोह में दी जाने वाली सभी प्रस्तुतियों का पूर्वालोकन कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर मुख्य अतिथि वैश्य महाविद्यालय ट्रस्ट के प्रधान एडवोकेट शिवरत्न गुप्ता ने
विधार्थियों को संबोधित करते हुए कहीं।उन्होनें कहा कि सांस्कृतिक गतिविधियाँ हमें आपसी प्रेमभाव और एकता का संदेश देती हैं उन्होनें कहा की वैश्य महाविधालय के विद्यार्थी हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं। विशिष्ट अतिथि वैश्य महाविद्यालय ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष विजय किशन अग्रवाल ने
अपने संबोधन में कहा कि महाविद्यालय के युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित सांस्कृतिक गतिविधियों से विधार्थियों में नए उत्साह व जोश का संचार होता है।उन्होंने कहा कि महाविद्यालय के युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में विद्यार्थियों द्वारा विशेष रुचि लेकर अपनी प्रतिभा एवं कला का बेहतर प्रदर्शन किया जा रहा है जो कि एक सराहनीय कदम है।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. संजय गोयल के नेतृत्व में अतिथियों के स्वागत के साथ किया गया। किया गया।कार्यक्रम में मुख्य रूप से वैश्य महाविद्यालय ट्रस्ट के प्रधान एडवोकेट शिवरत्न गुप्ता, कोषाध्यक्ष विजय किशनअग्रवाल,महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. संजय गोयल,महाविधालय के सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष डॉ. हरिकेश पंघाल सभी टीमों के इंचार्ज,प्रशिक्षक वरिष्ठ कलाकार कौशल भारद्वाज,अनूप, हरकीर्त,हरजोत
एवं महाविद्यालय परिवार के सभी सदस्यों ने ने शिरकत की। अतिथियों का स्वागत करते हुए महाविधालय के प्राचार्य डॉ.संजय गोयल ने अपने संबोधन में कहा कि महाविधालय में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को प्राथमिकता दी जा रही है और इसी कड़ी में महाविधालय में विभिन्न प्रकोष्ठों का गठन किया गया है ताकि विद्यार्थियों की अंतर्निहित प्रतिभाओं को उभारा जा सके। उन्होनें कहा कि महाविद्यालय प्रबंधन महाविद्यालय के उत्थान के लिए हमेशा प्रयासरत रहता है इनके माध्यम से आज भी महाविद्यालय में विधार्थियों के विकास के लिए प्रतिबंध है।महाविधालय के सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष डॉ. हरिकेश पंघाल ने बताया कि युवा महोत्सव के पूर्वावलोकन कार्यक्रम में कलाकार विधार्थियों ने बढ चढ़ कर भाग लेते हुए अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। उन्होंने बताया कि चौधरी बंसी लाल विश्वविद्यालय विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित किए जाने वाले युवा महोत्सव कि 41 विधाओं में से हमारे महाविद्यालय के छात्र कलाकार 40 विधाओं में अपनी प्रस्तुति देंगे। डॉ. हरिकेश पंघाल ने बताया कि महाविद्यालय के विद्यार्थियों में छुपी हुई प्रतिमा का पता लगाकर उन्हें निखारने के उद्देश्य से महाविद्यालय प्रांगण में समय समय पर सांस्कृतिक कार्यक्रमो का आयोजन होता रहा है ।
इस अवसर पर महाविद्यालय परिवार के सभी सदस्य उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में ये हुए कार्यक्रम
महाविद्यालय के विद्यार्थी कलाकारों ने महाविद्यालय के पूर्व छात्र यश केजरीवाल द्वारा तैयार करवाया गया गिरीश कर्नाड के प्रथम हिंदी नाटक ययाती की बेहतरीन प्रस्तुति दी।नाटक के माध्यम से कलाकारों ने वासना पर काबू रखने की सीख दी।
हरियाणवी स्किट के माध्यम से समाज रिश्तों की संजीदगी को प्रस्तुत करते हुए दिखाया की आज रिश्तो की कद्र कितनी आवश्यक है प्रश्न के माध्यम से यह बताया गया कि सच्चे रिश्ते कितने आवश्यक हैं।
हरियाणवी फोक डांस में विद्यार्थी कलाकारों
दीपांशु,शिवम,निशांत,इशिका,दीपिका,खुशी,कीर्ति,कृतिका,तान्या,दीक्षा,आरुषि,मोक्ष,विनीता एवं अंजलि
ने हरियाणवी गीत 'चाल पड़ी पाणी लेवण नय मय' पर बेहतरीन डांस की प्रस्तुति दी।
युवा कलाकारों ने माईम के माध्यम से मां की महता को दर्शाती मार्मिक प्रस्तुति दी।
छात्र अंकित ने मिमिक्री के माध्यम से पशु पक्षियों,कलाकारों एवं अन्य वाद्य यंत्रों की आवाज निकाल कर सभी को हंसने के लिए मजबूर कर दिया।
हिंदी काव्य पाठ मे छात्र यश ने कविता 'में चढ़ते सूरज को लोग जल देंगे', छात्र हरपाल ने पंजाबी कविता 'वाव मेरे मौला तेरे कैसे रंग न्यारे', छात्रा चांदनी ने अंग्रेजी कविता पर,छात्र यश ने उर्दू कविता 'दूसरा फैसला नहीं होता,इश्क में मशविरा नहीं होता,
छात्र सिद्धांत ने महाभारत के श्लोक के संस्कृत श्लोकोच्चारण की बेहतरीन प्रस्तुति दी।
छात्रों ने कव्वाली नजर की नजर से नजर ना लगे,कोई हसी भी इस कदर ना लगे पर प्रस्तुति के दौरान उपस्थित दर्शकों का मन मोह लिया।
छात्रा खुशी ने हरियाणवी सोलो गीत थर थर कांपे गांत मेरा,मतना पकड़े हाथ मेरा पर अपनी बेहतरीन प्रस्तुति दी।
ऑर्केस्ट्रा हरियाणवी के माध्यम से विधार्थियों ने हरियाणा प्रदेश की लोक वाद्य यंत्रों के अपनी प्रस्तुति दी।
हरियाणवी नृत्य में महाविद्यालय की छात्राओं ने सभी दर्शकों को थिरकने पर मजबूर कर दिया इसके अलावा कलाकारों ने विभिन्न विधाओं की प्रस्तुति दी। जिससे पूरे पंडाल में छात्रों ने समा बांध दिया।