आजादी के दशकों बाद भी पुल का इंतजार, कमला नदी पर बांस के सहारे जिंदगी, एक-एक कर पार होते हैं लोग
कटिहार जिले के मनसाही प्रखंड स्थित कुरेठा पंचायत के पंचवर्गा गांव और गोबरा घाट के बीच बहने वाली कमला नदी पर आज तक पुल का निर्माण नहीं हो सका है। आजादी के दशकों बाद भी यहां के लोग बांस से बने अस्थायी पुल के सहारे आवाजाही करने को मजबूर हैं। यह रास्ता मनसाही प्रखंड को पूरनपुर प्रखंड से जोड़ता है, लेकिन सुविधा के अभाव में लोगों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। स्थिति ऐसी है कि बांस से बने संकरे पुल पर एक समय में केवल एक ही दिशा से लोग आ-जा सकते हैं। जब तक एक तरफ के लोग पार नहीं कर लेते, दूसरी ओर के लोगों को इंतजार करना पड़ता है। जरा सी चूक बड़े हादसे का कारण बन सकती है, फिर भी ग्रामीण रोज जान जोखिम में डालकर इसी रास्ते का इस्तेमाल करते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कमला नदी के दोनों किनारों पर बड़ी आबादी निवास करती है। बाजार, स्कूल, अस्पताल, मस्जिद और अन्य जरूरी कार्यों के लिए लोगों को इसी रास्ते से गुजरना पड़ता है। बरसात के दिनों में स्थिति और भयावह हो जाती है, जब नदी का जलस्तर बढ़ने से आवाजाही लगभग ठप पड़ जाती है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि चुनाव के समय जनप्रतिनिधि पुल निर्माण का आश्वासन देते हैं, लेकिन चुनाव समाप्त होते ही वादे भी ठंडे बस्ते में चले जाते हैं। ग्रामीणों ने सरकार से जल्द स्थायी पुल निर्माण की मांग करते हुए कहा कि अब सिर्फ आश्वासन नहीं, जमीनी काम चाहिए।
Katihar, Katihar | Jun 5, 2026