अरवल सदर अस्पताल में इलाज के अभाव में 17 वर्षीय अनाथ संगीता की मौत! परिजनों ने डॉक्टरों पर लगाया गंभीर लापरवाही का आरोप।अरवल: बिहार के अरवल जिला सदर अस्पताल से एक झकझोर देने वाली और बेहद दुखद खबर सामने आई है। कल, 17 सितंबर 2026 की शाम करीब 4:00 बजे, अस्पताल प्रशासन की कथित संवेदनहीनता के कारण एक मासूम जिंदगी खत्म हो गई।क्या है पूरा मामला?मूल रूप से जहानाबाद के मल्लाह चक की रहने वाली 17 वर्षीय संगीता कुमारी के माता-पिता का पहले ही देहांत हो चुका था। वह सालों से अरवल जिले के बंसी प्रखंड अंतर्गत गाजीपुर गांव में अपनी मौसी रामायण बिंद के घर रहकर जीवन-यापन कर रही थी। अचानक तबीयत बिगड़ने पर नाजुक हालत में उसे अरवल सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था।परिजनों का गंभीर आरोप:मृतक संगीता के रोते-बिलखते परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में भर्ती करने के बाद भी डॉक्टरों ने इलाज में घोर लापरवाही बरती। परिजनों ने बताया, "हम घंटों तक डॉक्टर साहब को बुलाते रहे, पैर पकड़ते रहे, लेकिन कोई भी समय पर मरीज को देखने नहीं पहुंचा।" सही समय पर इलाज न मिलने के कारण संगीता ने दम तोड़ दिया।इस घटना के बाद से मृतक के परिजनों और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। एक अनाथ बच्ची की इस तरह मौत ने अस्पताल की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।📌 जनता पूछ रही है सवाल:जब हालत नाजुक थी, तो डॉक्टर घंटों तक गायब क्यों थे?क्या गरीबों और अनाथों की जान की कोई कीमत नहीं है?इस लापरवाही के जिम्मेदार डॉक्टरों पर क्या कार्रवाई होगी?#ArwalNews #ArwalSadarHospital #MedicalNegligence #BiharHealthSystem #Arwal #Jehanabad #JusticeForSangeeta
Arwal, Arwal | Sep 18, 2026