मंगलपुर में 33 फीट ऊंचे रावण का दहन, दशहरा मेला देखने उमड़ा जनसैलाब
असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक दशहरा पर्व पर मंगलवार शाम मंगलपुर कस्बे में उत्सव का माहौल देखने को मिला। यहां आयोजित दशहरा मेले में 33 फीट ऊंचे रावण के पुतले का शाम करीब 7:40 बजे दहन किया गया। रावण दहन देखने के लिए कस्बे सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। पुतले में आग लगते ही मैदान आतिशबाजी की गूंज से गूंज उठा। रावण की आंखों से निकलती आग की चिंगारियों और रंग-बिरंगी आतिशबाजी ने दर्शकों को आकर्षित किया। पूरे आयोजन के दौरान बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों में खासा उत्साह नजर आया।
रावण दहन से पहले रामलीला का मंचन किया गया। कलाकारों ने भगवान श्रीराम की विजयगाथा का मंचन कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। इसके बाद रावण के पुतले का दहन किया गया। जैसे ही पुतले ने आग पकड़ी, मैदान में मौजूद लोगों ने आतिशबाजी का आनंद लिया। दशहरा मेले में टेसू के फूलों सहित विभिन्न प्रकार के सामान की दुकानें सजी रहीं। पान, फास्ट फूड और मिठाई की दुकानों पर भी लोगों की भीड़ लगी रही। परिवार के साथ पहुंचे लोगों ने खरीदारी की और मेले का आनंद उठाया।
आयोजन समिति के सदस्यों ने बुधवार सुबह बताया कि मंगलपुर में दशहरा मेले और रावण दहन का कार्यक्रम लगातार कई वर्षों से आयोजित किया जा रहा है। इस आयोजन में मंगलपुर के साथ आसपास के गांवों के लोग भी बड़ी संख्या में शामिल होते हैं। हर वर्ष मेले को लेकर क्षेत्रीय लोगों में उत्साह रहता है और यह आयोजन आपसी मेलजोल तथा सामाजिक सहभागिता का अवसर बनता है।
मेले में उमड़ी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था की गई। सीओ समेत थाना पुलिस के जवान मौके पर मौजूद रहे और आयोजन के दौरान व्यवस्था पर नजर बनाए रखी। पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
मंगलपुर में आयोजित दशहरा मेला धार्मिक आस्था, परंपरा और उत्साह का केंद्र बना रहा। रावण दहन के साथ लोगों ने बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश याद किया और एक-दूसरे को दशहरे की शुभकामनाएं दीं।