
राज्यपाल हिमाचल प्रदेश कविंदर गुप्ता ने लोक भवन शिमला में प्रसिद्ध हिमाचली लोक गायक इन्द्र जीत को प्रशंसनीय पत्र देकर किया सम्मानित
हिमाचल प्रदेश की लोकसंस्कृति के संरक्षण, संवर्धन एवं प्रचार-प्रसार में उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रसिद्ध हिमाचली लोकगायक इन्द्र जीत को माननीय राज्यपाल कविंदर गुप्ता द्वारा लोक भवन, शिमला में प्रशंसनीय पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
जिला कुल्लू के साधारण ग्रामीण परिवेश से निकलकर इन्द्र जीत ने अपनी मेहनत, लगन और लोकसंगीत के प्रति समर्पण के बल पर देश-विदेश में विशेष पहचान बनाई है। उनके लोकप्रिय लोकगीत लाड़ी शाऊंणी, पाखली माणु, बुधूआ मामा, तिरछी नज़रे तथा सोलमा लाड़ी सहित सैकड़ों गीतों ने हिमाचली लोकसंगीत को नई पहचान दिलाई है।
लोकसंगीत के माध्यम से उन्होंने सामाजिक जागरूकता को भी बढ़ावा दिया। उनके नशा-विरोधी गीत “मता करदे नशा” और “चिट्टा मुक्त हिमाचल” युवाओं को नशे से दूर रहने का प्रेरणादायक संदेश देते हैं।
इन्द्र जीत ने हिमाचल प्रदेश के राज्य पक्षी हिमालयन मोनाल के संरक्षण के लिए भी उल्लेखनीय कार्य किया। मोनाल की वास्तविक कलगी के स्थान पर कृत्रिम कलगी को प्रोत्साहित करने की उनकी पहल को व्यापक जनसमर्थन मिला। राज्यपाल कविंदर गुप्ता ने इस प्रयास की विशेष सराहना करते हुए इसे पर्यावरण संरक्षण की दिशा में प्रेरणादायक कदम बताया।
यह सम्मान न केवल इन्द्र जीत की उपलब्धि है, बल्कि हिमाचल प्रदेश की समृद्ध लोकधरोहर, लोकसंगीत और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में उनके योगदान का भी सम्मान है।
#𝐈𝐧𝐝𝐞𝐫𝐉𝐞𝐞𝐭𝐇𝐢𝐦𝐚𝐜𝐡𝐚𝐥𝐢𝐅𝐨𝐥𝐤𝐒𝐢𝐧𝐠𝐞𝐫
Kullu, Kullu | Jun 4, 2026