
*सीटीएनएस में मेडिकोलगल केस फीड न करने पर सीएमएचओ का एक्शन, रीवा-मऊगंज के 28 बीएमओ-डॉक्टरों का वेतन रोका, नोटिस जारी*
*3 दिन में जवाब मांगा, पेंडेंसी खत्म होने तक वेतन नहीं मिलेगा*
रीवा। मेडिकोलगल मामलों की एंट्री एमपीएलईएनएआर सॉफ्टवेयर से सीसीटीएनएस में भेजना जरूरी है। लेकिन रीवा और मऊगंज के चिकित्सक इसमें लापरवाही कर रहे थे। इसी पर सीएमएचओ ने 28 बीएमओ और चिकित्सा अधिकारियों को नोटिस जारी कर जून का वेतन रोक दिया।
*क्या है मामला*
शासन के निर्देश के बाद भी कई मेडिकोलगल प्रकरण पेंडिंग थे। सीएमएचओ ने पहले भी निर्देश दिए थे। अब सख्ती बरतते हुए कहा गया कि 3 दिन में स्वयं उपस्थित होकर जवाब दें। जब तक पेंडेंसी खत्म नहीं होगी वेतन नहीं मिलेगा। जवाब न देने पर वेतन वृद्धि भी रोकी जाएगी।
*सीएमएचओ का बयान*
"सरकारी काम में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। कोर्ट-पुलिस से जुड़े केस समय पर फीड करना अनिवार्य है।"
*नोटिस पाने वाले प्रमुख अधिकारी*
डॉ. आनंद सिंह BMO सिरमौर, डॉ. राजेन्द्र सिंह BMO जवा, डॉ. डीपी पाण्डेय गंगेव, डॉ. श्यामकर पाण्डेय GMH रीवा, डॉ. नागेन्द्र मिश्रा EHMHS रुमरसा, डॉ. विश्वनाथ पटेल CHC रघुराजनगर, डॉ. श्याम बिहारी दुबे प्रभारी CMHO सेमरिया सहित कुल 28।