
24 वर्षीय प्रधान ने शादी की फिजूलखर्ची पर 51 हजार जुर्माना लगाया है
हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले के गिरिपार क्षेत्र स्थित सखोली ग्राम पंचायत के 24 वर्षीय युवा प्रधान कमलेश चौहान ने शादियों में फिजूलखर्ची और दिखावे पर रोक लगाने के लिए एक ऐतिहासिक फैसला लिया है ।
शादी में नियम तोड़ा तो ₹51,000 का जुर्माना लगाने का फैसला किया है।
*दुल्हन शादी के दौरान केवल तीन प्रकार के गहने—मंगलसूत्र, नाक की तिल्ली (नथ) और कानों के झुमके ही पहन सकेगी ।
*शादी में जाने वाली बारात में अधिकतम केवल 10 वाहन ही शामिल हो सकेंगे
*मामा के स्वागत जैसी महंगी रस्मों को सीमित किया गया है, जिसमें अब केवल सगा मामा ही जाएगा और महंगे उपहार या बकरा देने जैसी परंपरा नहीं होगी। इसके अलावा 'बुलडोज' और 'गेरू फेरनू' जैसी रस्मों को भी बंद कर दिया गया है।
*यदि कोई व्यक्ति पंचायत के इन नियमों का उल्लंघन करता है, तो उसे ₹51,000 का जुर्माना भरना होगा और साथ ही पूरी पंचायत को सामूहिक भोज कराना होगा।
इस फैसले का मुख्य उद्देश्य गरीब और अमीर परिवारों पर पड़ने वाले आर्थिक बोझ को कम करना और सामाजिक समानता को बढ़ावा देना है। इस सखोली पंचायत निर्णय की चर्चा अब पूरे राज्य में हो रही है।