
पूर्व सरपंच की मौत के बाद बवाल, बैरिकेडिंग पर सवाल उठाकर परिजनों ने शव लेने से किया इनकार
जोधपुर। भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर हुए सड़क हादसे में बाड़मेर के बाणियावास ग्राम पंचायत के पूर्व सरपंच दलपतसिंह राजपुरोहित की मौत के बाद बुधवार सुबह बालेसर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में माहौल तनावपूर्ण हो गया। बड़ी संख्या में पहुंचे परिजनों और ग्रामीणों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए शव लेने से इनकार कर दिया।
परिजनों का आरोप था कि प्रधानमंत्री के प्रस्तावित दौरे को देखते हुए देवगढ़ रेस्ट एरिया के पास की गई पुलिस बैरिकेडिंग के कारण यह हादसा हुआ। उनका कहना था कि यदि सड़क पर बैरिकेडिंग नहीं होती तो दुर्घटना टाली जा सकती थी। परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
सूचना मिलते ही बालेसर पुलिस उपाधीक्षक राजेंद्र सिंह उज्जवल अतिरिक्त पुलिस जाब्ते के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। उन्होंने परिजनों और ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें समझाइश दी तथा मामले की जांच का भरोसा दिलाया। काफी देर चली वार्ता के बाद परिजन शांत हुए और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर शव उनके सुपुर्द कर दिया गया।
पुलिस ने बताया कि दुर्घटना के कारणों की जांच जारी है। प्रारंभिक जांच में कार का टायर फटने के बाद वाहन अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकराकर पलटने की बात सामने आई है। वहीं, परिजनों द्वारा बैरिकेडिंग को हादसे का कारण बताए जाने के संबंध में भी सभी तथ्यों की जांच की जा रही है।