
शिक्षा सुधारो, स्कूल ठीक करो अभियान चलाएगा छात्र-युवा। 7 सितंबर को पटना में लगेगा छात्र-युवा संसद
दरभंगा 23 अगस्त 2026
देश और बिहार की बदहाल शिक्षा व्यवस्था, सरकारी विद्यालयों की स्थिति, शिक्षकों की कमी, शिक्षा के बढ़ते निजीकरण एवं छात्रों-युवाओं के सामने खड़े रोजगार के संकट के खिलाफ छात्र-युवा संगठनों ने “शिक्षा सुधारो, स्कूल ठीक करो अभियान” चलाने का फैसला किया है।
आज मिर्जापुर स्थित नगर कार्यालय में। आइसा - RYA की संयुक्त बैठक से फैसला लिया गया।
बैठक में भाकपा(माले) जिला सचिव बैद्यनाथ यादव, RYA राज्य उपाध्यक्ष संदीप कुमार चौधरी, अमित पासवान, ओणम कुमारी, सुरुचि कुमारी, मिथिलेश कुमार यादव, राहुल कुमार, सोनू कुमार, मोहम्मद सलामत, प्रिंस राज शामिल थें।
बैठक में तय किया गया कि जिला के अन्दर +2 स्कूल के हालत को देखने के लिए छात्र - युवा का टीम स्कूल का दौरा करेगीं।
बैठक को संबोधित करते हुए भाकपा(माले) जिला सचिव बैद्यनाथ यादव ने कहा कि छात्र - युवा की टीम अभियान के माध्यम से गांव-गांव, विद्यालयों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में छात्रों, युवाओं, शिक्षकों एवं आम लोगों को शिक्षा के सवाल पर गोलबंद किया जाएगा।
इस अवसर पर बैठक को संबोधित करते हुए छात्र-युवा नेताओं ने कहा कि आज बिहार की शिक्षा व्यवस्था गंभीर संकट से गुजर रही है। सरकारी विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, पर्याप्त शिक्षक, बेहतर आधारभूत संरचना और आवश्यक संसाधनों की कमी बनी हुई है। शिक्षा के अधिकार को कमजोर करने और सरकारी शिक्षा व्यवस्था की उपेक्षा करने की नीतियों के खिलाफ व्यापक जनआंदोलन की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि हर बच्चे को समान, गुणवत्तापूर्ण और मुफ्त शिक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। विद्यालयों को बंद करने, शिक्षकों के पदों में कटौती करने तथा शिक्षा को निजी हाथों में सौंपने की नीतियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अभियान के दौरान सरकारी विद्यालयों को मजबूत करने, रिक्त शिक्षकों के पदों को भरने, विद्यालयों में बेहतर भवन, पुस्तकालय, प्रयोगशाला और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग को प्रमुखता से उठाया जाएगा।
इसी क्रम में 7 सितंबर को पटना में छात्र-युवा संसद का आयोजन किया जाएगा। इस छात्र-युवा संसद में बिहार के विभिन्न जिलों से छात्र, युवा, शिक्षक और सामाजिक कार्यकर्ता बड़ी संख्या में भाग लेंगे तथा शिक्षा और रोजगार से जुड़े सवालों पर चर्चा कर आगे के संघर्ष की रूपरेखा तय करेंगे।
छात्र-युवा संगठनों ने बिहार के तमाम छात्र-युवाओं से अपील की है कि वे “शिक्षा सुधारो, स्कूल बनाओ अभियान” को गांव-गांव और जन-जन तक पहुंचाएं तथा 7 सितंबर को पटना में आयोजित छात्र-युवा संसद को ऐतिहासिक और सफल बनाएं।