
भोजपुर के चर्चित भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कड़ा रुख अपनाया है। शुक्रवार को पटना में भरत के परिजनों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने भावुक परिजनों को ढांढस बंधाया और साफ कहा कि सरकार उनके साथ है। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिया कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।परिजनों से मुलाकात के तुरंत बाद सरकार ने दो बड़ी कार्रवाइ की हैं। पहली कार्रवाई के तहत, विवादों में रहे जगदीशपुर के अनुमंडलाधिकारी (एसडीओ) सुजीत कुमार को उनके पद से हटाकर सचिवालय हाजिर कर दिया गया है। भरत के परिजनों ने सुजीत कुमार पर प्रताड़ित करने के गंभीर आरोप लगाए थे। फिलहाल उन्हें कोई नया पद नहीं दिया गया है और वे सामान्य प्रशासन विभाग में योगदान देंगे। दूसरी बड़ी कार्रवाई आरोपी एसडीपीओ राजेश कुमार पर हुई है। एनकाउंटर के बाद राजेश कुमार को मद्य निषेध विभाग में तैनात किया गया था, जिसे लेकर परिजनों में भारी आक्रोश था। मुख्यमंत्री से शिकायत के बाद, सरकार ने उन्हें वहां से हटाकर पुलिस मुख्यालय भेज दिया है। राजेश कुमार अब अगले पदस्थापन की प्रतीक्षा में मुख्यालय में रहेंगे। मुख्यमंत्री ने परिजनों को स्पष्ट किया कि जांच को तेजी से पूरा करने के निर्देश दे दिए गए हैं और इस पूरे मामले पर उनकी सीधी नजर है