
ननिहाल से लापता हुई 2 वर्षीय मासूम को पलवल पुलिस ने तत्परता व जनसहयोग से खोज निकाला, चंद घंटों में सकुशल परिजनों को सौंपा।
Aonenews अरविन्द बक्शी
पुलिस अधीक्षक दीप्ति गर्ग के मार्गदर्शन में पलवल पुलिस का मानवीय चेहरा आया सामने, परिजनों ने जताया आभार तथा पलवल पुलिस की त्वरित कार्यशैली और संवेदनशीलता की मुक्तकंठ से की सराहना।
*पुलिस अधीक्षक श्रीमती दीप्ति गर्ग ने पुलिस टीम और ग्रामीणों के इस साझा मानवीय प्रयास की प्रशंसा की।*
पुलिस प्रवक्ता कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला पुलिस अधीक्षक दीप्ति गर्ग, आईपीएस के कुशल मार्गदर्शन में पलवल पुलिस ने मानवीय संवेदनशीलता और मुस्तैदी का परिचय देते हुए एक राह भटकी हुई दो वर्षीय मासूम बच्ची को सकुशल उसके परिजनों से मिलवाकर एक सराहनीय कार्य किया है।
धतीर चौकी प्रभारी सहायक उप निरीक्षक अमित कुमार के अनुसार, नूंह मेवात के गांव घासेड़ा निवासी नरवीर की दो वर्षीय पुत्री हर्षिका अपनी माता दीपिका के साथ गांव टहरकी स्थित अपने ननिहाल आई हुई थी। खेलते समय मासूम बच्ची अचानक घर से बाहर निकल गई और भटकते हुए सोहना-पलवल मार्ग पर गांव धतीर के नजदीक पहुंच गई। वहां बच्ची को अकेले और लावारिस अवस्था में देखा गया।
सूचना प्राप्त होते ही पुलिस चौकी के जवानों ने बिना किसी विलंब के त्वरित कार्रवाई शुरू की। पुलिस कर्मियों ने गांव धतीर एवं टहरकी के स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से बच्ची की पहचान और परिजनों की खोजबीन के लिए सघन अभियान चलाया। पुलिस की तत्परता और ग्रामीणों के सक्रिय सहयोग से बहुत ही कम समय में बच्ची के परिजनों का पता लगा लिया गया।
सभी आवश्यक औपचारिकताओं को पूरा करते हुए मासूम हर्षिका को सकुशल और सुरक्षित उसकी माता व परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। अपनी लापता बच्ची को सही-सलामत देखकर परिजनों की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। बच्ची के परिजनों और उपस्थित ग्रामीणों ने पलवल पुलिस की त्वरित कार्यशैली, सतर्कता और संवेदनशीलता की मुक्तकंठ से सराहना करते हुए जिला पुलिस का हार्दिक आभार प्रकट किया।
पुलिस अधीक्षक दीप्ति गर्ग ने पुलिस टीम और ग्रामीणों के इस साझा मानवीय प्रयास की प्रशंसा की। साथ ही उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे छोटे बच्चों की सुरक्षा और देखरेख को लेकर हमेशा सजग रहें तथा किसी भी अप्रत्याशित परिस्थिति में तुरंत पुलिस हेल्पलाइन या नजदीकी थाने में सूचना दें।