
💥 बड़ी खबर: 26वें दिन समाप्त हुआ अनशन! सरकार से लिखित आश्वासन के बाद सोनम वांगचुक ने तोड़ा अनशन 💥 NEET पेपर लीक, परीक्षाओं में सुधार और प्रदर्शनकारी छात्रों की सुरक्षा की मांगों को लेकर पिछले 26 दिनों से अनशन पर बैठे पर्यावरणविद एवं सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने देर रात सरकार से लिखित आश्वासन मिलने के बाद अपना अनशन समाप्त कर दिया। रात लगभग 12:30 बजे केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, जितेंद्र सिंह, लद्दाख की एपेक्स बॉडी के शीर्ष नेताओं और लगभग 65 सांसदों के समर्थन व प्रयासों के बाद यह अनशन समाप्त हुआ। 📜 सरकार से मिले लिखित आश्वासन में 3 मुख्य बातें: सोनम वांगचुक ने बताया कि दो दिनों की कड़ी बातचीत के बाद सरकार की ओर से उन्हें लिखित रूप में निम्नलिखित आश्वासन दिए गए हैं: छात्रों पर दर्ज नहीं होंगे मुकदमे (No FIRs): दिल्ली के जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले और 20 जुलाई 2026 को संसद मार्च में शामिल हुए युवाओं/छात्रों के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई या एफआईआर दर्ज नहीं की जाएगी। पीड़ित परिवारों को मुआवजा (Compensation): NEET पेपर लीक और परीक्षा धांधली से दुखी होकर आत्महत्या करने वाले 20 से अधिक मृतक छात्रों के परिवारों को सरकार उचित और पर्याप्त मुआवजा प्रदान करेगी। संसद में सुधारों पर बहस (Parliamentary Discussion): संसद के फर्श (Floor of Parliament) पर NEET और अन्य राष्ट्रीय परीक्षाओं की कार्यप्रणाली में सुधार, पारदर्शिता और सरकार की जवाबदेही तय करने पर विस्तृत चर्चा कराई जाएगी। 🔥 'धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे' और अनशन तोड़ने पर वांगचुक का बयान केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर बात रखते हुए सोनम वांगचुक ने स्पष्ट किया: "सरकार इस समय इस्तीफे पर तुरंत कोई आश्वासन नहीं दे पा रही थी। मेरे पास दो ही रास्ते थे—या तो मैं अनशन जारी रखकर अपनी जान जोखिम में डालूं या फिर छात्रों के हित में मिले इस ऐतिहासिक लिखित आश्वासन को स्वीकार करूं। लद्दाख में मैंने देखा है कि युवाओं पर एफआईआर लगने से उनका पूरा भविष्य बर्बाद हो जाता है। छात्रों को केस से बचाना और पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाना मेरी प्राथमिकता थी।" उन्होंने कहा कि अगर सरकार इस्तीफा नहीं दे रही है, तो इससे सरकार की अपनी साख को नुकसान हो रहा है, लेकिन छात्रों को सुरक्षा और संसद में चर्चा का अवसर मिलना हमारी बड़ी जीत है। 🕊️ छात्रों से शांति बनाए रखने की अपील सोनम वांगचुक ने आंदोलनकारी छात्रों का धन्यवाद करते हुए एक महत्वपूर्ण अपील भी की: छात्र शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगों को रखें। किसी भी प्रकार की हिंसा या असामाजिक तत्वों (Anti-social elements) को इस छात्र आंदोलन का फायदा न उठाने दें। 💬 आपकी राय और विचार 26 दिनों के लंबे अनशन के बाद सरकार द्वारा मिले लिखित आश्वासन और अनशन समाप्ति पर आपकी क्या राय है? अपने विचार नीचे कमेंट बॉक्स में जरूर साझा करें! देश के लाखों विद्यार्थियों और युवाओं से जुड़ी इस बड़ी खबर को अन्य अभ्यर्थियों के साथ शेयर जरूर करें! 👍 #SonamWangchuk #NEETPaperLeak #YouthVoice #ParliamentSession2026 #JPNadda #EducationReforms #JantarMantarProtest #PublicAwareness
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पत्रकार के सवाल पर क्या बोले राहुल गांधी ? #RahulGandhi #ParliamentSession2026 #GodiMedia #BJP #raga
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