धर्मगंज मेला का इतिहास गौरवशाली रहा है। पहले यह मेला करीब एक महीने तक लगता था, जिससे आसपास के दर्जनों गांवों के लोगों को रोजगार मिलता था और सरकार को भी अच्छा राजस्व प्राप्त होता था।लेकिन प्रशासनिक उदासीनता, अतिक्रमण और कुछ आपराधिक घटनाओं के कारण आज मेला अपने अस्तित्व के लिए संघर्ष कर रहा है।