आयुष्मान भारत योजना में मरीज को अस्पताल में भर्ती होना जरूरी है, जबकि दिल्ली में ऐसी कोई शर्त नहीं है। अगर किसी मजदूर के पैर पर ईंट गिर जाती है, तो वह आयुष्मान भारत योजना से इलाज नहीं करवा सकता। लेकिन दिल्ली के मोहल्ला क्लिनिक में जाकर वह बिना किसी बाध्यता के मुफ्त इलाज पा सकता है