MPEB के अधीक्षण यंत्री शिवराम सेमिल के 9 ठिकानों पर छापा, 5 फैक्ट्रियां, मकान, प्लॉट, कार और जेवरात का खुलासा,
इंदौर। मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त संगठन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी (MPPKVVCL) के अधीक्षण यंत्री (सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर) शिवराम सेमिल के इंदौर, पीथमपुर, धार और मुरैना स्थित 9 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान आय से कहीं अधिक संपत्ति मिलने के बाद पूरे प्रदेश में यह मामला चर्चा का विषय बन गया है।
लोकायुक्त की प्रारंभिक जांच के अनुसार शिवराम सेमिल ने अपने 33 वर्ष के सरकारी सेवाकाल में वेतन और अन्य वैध स्रोतों से करीब 2 करोड़ रुपये की आय अर्जित की। लेकिन जांच में उनके और परिवार के नाम पर 6.50 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति सामने आई है। खर्च और निवेश को जोड़ने पर यह उनकी वैध आय से लगभग 258 प्रतिशत अधिक पाई गई।
सुबह-सुबह 9 ठिकानों पर एक साथ दबिश-
मंगलवार सुबह लोकायुक्त की कई टीमों ने इंदौर, पीथमपुर, धार और मुरैना में स्थित 9 अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने मकानों, फैक्ट्रियों, कार्यालयों और अन्य परिसरों की गहन तलाशी लेकर महत्वपूर्ण दस्तावेज, बैंक रिकॉर्ड और निवेश से जुड़े कागजात जब्त किए।
छापे में क्या-क्या मिला?
लोकायुक्त की जांच में अब तक सामने आया है कि—
लगभग ₹1.20 करोड़ कीमत का तीन मंजिला आलीशान मकान।
मुरैना में दो मंजिला मकान।
परिवार के नाम पर संचालित 5 ट्रांसफॉर्मर निर्माण एवं मरम्मत फैक्ट्रियां।
कई प्लॉट और औद्योगिक संपत्तियां।
लग्जरी कारें।
सोने-चांदी के जेवरात।
बैंक खाते, निवेश और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
लोकायुक्त पुलिस ने शिवराम सेमिल के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि बैंक लॉकर, शेयर निवेश और अन्य संपत्तियों की जांच अभी जारी है। जांच पूरी होने के बाद आय से अधिक संपत्ति का आंकड़ा और बढ़ सकता है।
जांच जारी, सामने आ सकते हैं और बड़े खुलासे
लोकायुक्त अधिकारियों के मुताबिक यह कार्रवाई अभी प्रारंभिक चरण में है। दस्तावेजों की जांच पूरी होने के बाद संपत्ति, निवेश और वित्तीय लेन-देन से जुड़े कई और अहम खुलासे होने की संभावना है।
लोकायुक्त की इस बड़ी कार्रवाई ने एक बार फिर सरकारी विभागों में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई का संदेश दिया है।