चारा काटने वाली मशीन में फंसकर एक पशु गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना पर 1962 मोबाइल वेटरनरी टीम 28 मिनट में मौके पर पहुंची। पशु चिकित्सक डॉ. मनोज कुमार चौधरी के नेतृत्व में करीब डेढ़ घंटे तक चले उपचार में घाव की सफाई कर टांके लगाए गए और रक्तस्राव रोका गया। समय पर उपचार मिलने से पशु की जान बच गई। ग्रामीणों ने टीम की तत्परता की सराहना की