कोटा दक्षिण का "जमादार" गुंजल साहब के आशीर्वाद से तीन बार विधायक बना। आज भी रात के अंधेरे में गुंजल साहब का आशीर्वाद लेता है और दिन के उजाले में ओम बिरला के दफ्तर में हाथ जोड़कर खड़ा नजर आता है।
2028 के चुनाव में जनता ऐसा फैसला करेगी कि अपने आका के साथ-साथ इस "जमादार" का नाम भी प्रदेश की राजनीति से गायब हो जाएगा।
— प्रह्लाद गुंजल
Ladpura, Kota | Jul 12, 2026