जय श्री हरि प्रभु जी ,जय श्री बालाजी धाम आश्रम ,,शरीर ,सम्पत्ति, सम्पदा ,समाज ,न ये कल किसी का था न ये कल किसी का होगा,,हमारी तृष्ना हमारी धारणा है कि मेरी सम्पत्ति है मेरा पुत्र है मेरा परिवार है मेरा मित्र है मेरा रिश्तेदार है ,आज तक इस भ
5.9k views | Bundi, Bundi | Apr 6, 2023