*दंदरौआ धाम जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा में मानहड़ के युवाओं का सराहनीय संकल्प*
*हर वर्ष विशाल सदावृत (भंडारे) का आयोजन कर श्रद्धालुओं की करते हैं सेवा*
बुढ़वा मंगल के पावन अवसर पर दंदरौआ धाम मंदिर की पैदल यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की सेवा के लिए मानहड़ गांव के युवाओं द्वारा हर वर्ष विशाल सदावृत (भंडारे) का आयोजन किया जाता है। यह सेवा कार्य पिछले कई वर्षों से निरंतर श्रद्धा, सेवा और सामाजिक समर्पण की भावना के साथ की जा रही है।
पैदल यात्रा पर निकलने वाले श्रद्धालुओं के लिए सदावृत स्थल पर जलपान, भोजन, शीतल पेयजल एवं आवश्यक दवाइयों सहित अन्य सुविधाओं की व्यवस्था की जाती है। लंबी पैदल यात्रा के दौरान थकान और परेशानी से जूझ रहे श्रद्धालुओं को यहां कुछ समय विश्राम करने के साथ-साथ भोजन-पानी उपलब्ध कराया जाता है।
मानहड़ के युवाओं का यह सेवा अभियान धार्मिक आस्था के साथ-साथ मानव सेवा और सामाजिक एकजुटता की मिसाल भी बन गया है। युवाओं द्वारा बिना किसी स्वार्थ के श्रद्धालुओं की सेवा में बढ़-चढ़कर भागीदारी की जाती है।
आयोजन से जुड़े समाजसेवी ने बताया कि श्रद्धालुओं की सेवा करना उनके लिए केवल आयोजन नहीं, बल्कि श्रद्धा और सामाजिक जिम्मेदारी का कार्य है। दंदरौआ धाम जाने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को बेहतर सुविधा मिले, इसी उद्देश्य से युवाओं द्वारा हर वर्ष सदावृत का आयोजन किया जाता है।
मानहड़ के युवाओं की यह पहल क्षेत्र में सेवा, सहयोग और भाईचारे की भावना को मजबूत करने वाली प्रेरणादायी मिसाल बन रही है।
*स्थान – सुनारपूरा चौराहे से थोड़े आगे लक्ष्मण दादा का होटल*
_*दिनांक– 21/09/2026*_
Gormi, Bhind | Sep 21, 2026