"वर्दी पर लगा दाग! थाने से चोरी कर बेची गई जब्त कफ सिरप, चार पुलिसकर्मी गिरफ्तार, थानाध्यक्ष निलंबित
सुपौल जिले के प्रतापगंज थाना से पुलिस महकमे को शर्मसार कर देने वाला बड़ा खुलासा हुआ है। जिन कंधों पर कानून की रक्षा की जिम्मेदारी थी, उन्हीं पर कानून तोड़ने के गंभीर आरोप लगे हैं। थाने के मालखाने में रखी हजारों बोतल जब्त कोडीन कफ सिरप गायब कर बेचने के मामले में चार पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि थानाध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
डीजीपी को मिली गुप्त शिकायत के बाद सुपौल एसपी के निर्देश पर गठित त्रि-सदस्यीय जांच समिति ने पूरे मामले का खुलासा किया। जांच में सामने आया कि कांड संख्या 216/25 में जब्त 7560 बोतल कोडीन कफ सिरप में से 6162 बोतलें मालखाने से गायब थीं। मौके पर केवल 1390 बोतलें मिलीं।
इतना ही नहीं, चोरी छिपाने के लिए मालखाने में दूसरे ब्रांड और अलग बैच नंबर की 2842 बोतलें रख दी गई थीं। जांच में यह भी खुलासा हुआ कि जब्त ट्रैक्टर की बैटरी, टायर, डायनमो और टोटो वाहन के पार्ट्स भी बेच दिए गए थे।
जांच टीम को पता चला कि थाने के मुख्य सीसीटीवी कैमरे का 28 मई से पहले का फुटेज भी डिलीट कर दिया गया था, जिससे सबूत मिटाए जा सकें। इसके बाद थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार को निलंबित कर दिया गया।
वहीं चौकीदार राहुल कुमार, अग्निशमन सिपाही रंजन राज, चालक मनीष कुमार और डायल-112 चालक अखिलेश कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पूछताछ में चौकीदार ने स्वीकार किया कि जब्त कफ सिरप, शराब और वाहन पार्ट्स बेचकर पैसे आपस में बांटे जाते थे।
फिलहाल एनडीपीएस एक्ट और चोरी की धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है। इस पूरे प्रकरण ने पुलिस व्यवस्था और मालखाना सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
Supaul, Supaul | Jun 19, 2026