🇮🇳 शिक्षा को लेकर एक जरूरी संदेश
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शाहपुरिया में अपनी बात रखते हुए मैंने एक सवाल उठाया—क्या हम सरकारी स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था पर उतना ही विश्वास करते हैं, जितना विश्वास हम अपने बच्चों के भविष्य पर करते हैं?
शिक्षा केवल किताबें और परीक्षा पास करने का माध्यम नहीं है। शिक्षा वह आधार है, जो हमारे बच्चों को सोचने, समझने, सवाल करने और अपने पैरों पर खड़े होने की ताकत देती है।
सरकारी स्कूल मजबूत होंगे, शिक्षक और अभिभावक मिलकर जिम्मेदारी निभाएंगे, तभी हर गरीब और सामान्य परिवार के बच्चे को बेहतर शिक्षा का समान अवसर मिलेगा।
बच्चों की शिक्षा किसी परिवार की मजबूरी नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी होनी चाहिए।
🇮🇳 शिक्षित बच्चे ही मजबूत समाज और मजबूत भारत की नींव हैं।
Sirsa, Sirsa | Aug 16, 2026