छात्रों का विरोध प्रदर्शन मार्च: अनुमंडल पदाधिकारी महोदया और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी ने समझा-बुझाकर शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त कराया मार्च।
आज शेखपुरा में छात्र-छात्राओं और युवा संगठनों द्वारा विरोध प्रदर्शन व जुलूस का आयोजन किया गया। अखिल भारतीय छात्र संघ तथा इंकलाबी नौजवान सभा के संयुक्त आह्वान पर आयोजित इस विरोध मार्च में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, युवाओं और स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया तथा शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर नारेबाजी की और आक्रोशित छात्रों का जुलूस नगर के मुख्य मार्गों से गुजरते हुए कलेक्ट्रेट परिसर की ओर बढ़ा, शांति व्यवस्था बनाए रखने हेतु स्थानीय प्रशासन तुरंत हरकत में आया। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए सुश्री प्रियंका कुमारी, अनुमंडल पदाधिकारी तथा अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी स्वयं भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। दोनों पदाधिकारियों ने बेहद संवेदनशीलता, धैर्य और कुशलता का परिचय देते हुए प्रदर्शनकारी छात्रों से सीधा संवाद स्थापित किया। पदाधिकारियों ने छात्रों को समझाया कि लोकतंत्र में विरोध दर्ज कराने का सबसे प्रभावी और संवैधानिक रास्ता ज्ञापन और वार्ता है।
अनुमंडल पदाधिकारी महोदया और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के समझाने-बुझाने और सकारात्मक रुख को देखते हुए प्रदर्शनकारी छात्र शांत हुए तथा शांतिपूर्ण ढंग से रैली को समाप्त करने पर सहमत हो गए।
प्रशासनिक अधिकारियों के आश्वासन के बाद छात्र प्रतिनिधियों (आइसा नेता मो० इरफान खान, सामाजिक कार्यकर्ता शशिकांत कुमार, RYA नेता प्रवीण सिंह कुशवाहा, कमलेश मांझी आदि) ने जिलाधिकारी के माध्यम से महामहिम राष्ट्रपति महोदया के नाम एक 12-सूत्री मांग-पत्र सौंपा गया।
अनुमंडल पदाधिकारी महोदया और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी की इस त्वरित, संवेदनशील और कुशल प्रशासनिक पहल की आम नागरिकों और छात्र नेताओं ने सराहना भी किया,जिससे एक ओर जहां कानून-व्यवस्था पूरी तरह कायम रही, वहीं छात्रों की जायज मांगों को संवैधानिक माध्यम से उच्च स्तर तक पहुंचाने का मार्ग प्रशस्त हुआ।