लोहरदगा: सेन्हा थाना क्षेत्र में नाबालिग 8वीं कक्षा की छात्रा को मोबाइल न देने पर मामा ने किया अचेत
दरवाजा तोड़कर देखा तो वह अचेत अवस्था में थी इसे देख आनन-फानन में इलाज हेतु सदर अस्पताल छात्र को लाया गया और कीटनाशक खाने की बात कह कर उसे इलाज किया गया! जब छात्रा को होश हुआ तो उन्होंने कहा कि बेहोश होकर गिर गए थे! हम कीटनाशक का सेवन नहीं किए हैं तब इसकी जानकारी डॉक्टर को हुआ तो कीटनाशक का दवा देना बंद करते हुए रविवार देर शाम 8:00 बेहतर इलाज जारी था!