*ट्रांसजेण्डर समुदाय के सम्मान के साथ उनके अधिकारों के संरक्षण के लिए जागरूकता व संवेदनशीलता जरूरी- आईजी श्रीवास्तव*
उदयपुर, 30 जुलाई। अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस सिविल राईट्स एवं एएचटी राजस्थान जयपुर के दिशा- निर्देशानुसार एवं राजस्थान पुलिस द्वारा राज्य व्यापी ऑपरेशन स्माईल के तहत श्रीमान महानिरीक्षक पुलिस गौरव श्रीवास्तव उदयपुर रेंज के निर्देशानुसार उदयपुर रेंज पुलिस एवं यूनिसेफ राजस्थान के तत्वावधान में ट्रांसजेण्डर समुह के व्यक्तियों की रेंज स्तरीय कार्यशाला का आयोजन गुरुवार को विद्याभवन ऑडिटोरियम फतहपुरा उदयपुर में किया गया। कार्यशाला की अध्यक्षता करते हुए आईजी श्रीवास्तव ने कहा कि ट्रांसजेंडर को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने रेंज के नामित पुलिस थानों के ट्रांसजेण्डर्स पुलिस नोडल अधिकारियों तथा रेंज के ट्रांसजेण्डर्स समुदाय के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि इस वर्ग के विशेष सम्मान के साथ उनके अधिकारों के संरक्षण के लिए जागरूकता एवं संवेदनशीलता जरूरी है। उन्होंने पुलिस थाना स्तर पर नियुक्त नोडल पुलिस अधिकारियों को अधिनियम के अध्ययन तथा उसकी अनुपालना के लिए आवश्यक निर्देश उपलब्ध कराए। प्रशिक्षण में मुख्य प्रशिक्षक के रूप में नई भौर संस्थान की निदेशक पुष्पा माई द्वारा ट्रांसजेण्डर अधिकारों का संरक्षण अधिनियम 2019 के अंतर्गत पुलिस अधिकारियों के लिए निर्धारित नियमों तथा व्यवहार के बारे में सुझाव उपलब्ध कराए। उन्होंने राज्य सरकार के प्रयासों से ट्रांसजेण्डर समुदाय के उत्थान के लिए किये गये प्रयासों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि ट्रांसजेण्डर समुदाय को हरसंभव सुविधाएं मिले और उन्हें समाज में विशिष्ट स्थान मिले और उनके बेहतर स्वास्थ्य के साथ सुरक्षित वातावरण मिले इसके लिए हम सतत प्रयास किये जा रहे है। उन्होंने मौजूद पुलिस अधिकारियों को ट्रांसजेण्डर से जुड़े प्रकरणों में पूर्ण संवेदनशीलता बरतने की बात कही।
मनोचिकित्सक डॉ. अंजली शर्मा ने मानसिक स्वास्थ्य एवं समस्याओं के बारे में बताते हुए कहा कि मानसिक स्वास्थ्य किसी भी लिंग, समुदाय के व्यक्ति के लिए मूलभूत आवश्यकताओं में आता है। उन्होने पीपीटी के माध्यम से वर्तमान समय की समस्याओ के बारे में जानकारी देते हुए अधिकतर व्यक्ति वर्तमान समय में अवसाद की स्थिति का सामना कर रहे हैं। उन्होने अवसाद और मानसिक समस्याओं के तथा उनके समाधान के लिए विभिन्न सुविधाओं, प्रक्रियाओं तथा हेल्पलाईन नम्बर 14416 के बारे में जानकारी दी और वातावरण के अनुसार खान-पान निर्धारित करने की बात कही।
Girwa, Udaipur | Jul 30, 2026