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पीलीबंगा: 3 साल की बच्ची से दुष्कर्म का आरोप, गोलूवाला पुलिस थाने में पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज

Pilibanga, Hanumangarh | Jun 12, 2026
गोलूवाला थाना क्षेत्र में 3 साल की नाबालिग बच्ची से दुष्कर्म करने के आरोप में पुलिस थाने में पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज हुआ है।पुलिस ने आज शुक्रवार को जानकारी देते हुए बताया कि गोलूवाला थाना क्षेत्र की परिवादिया ने आरोप लगाया कि बिहार का मूल निवासी और वर्तमान में गोलूवाला थाना क्षेत्र में रह रहा एक नामजद आरोपी ने उसके 3 साल की बेटी के साथ दुष्कर्म किया।

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राम मंदिर 'चंदा घोटाला' मामले में AAP का हल्लाबोल: पीलीबंगा के दुलमाना में चलाया हस्ताक्षर अभियान
#lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar 
पीलीबंगा/हनुमानगढ़ #लालबहादुर_भाखर 
अयोध्या राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा घोटाले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने देशव्यापी मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के आह्वान पर रविवार को हनुमानगढ़ जिले की पीलीबंगा विधानसभा क्षेत्र के दुलमाना गांव में एक व्यापक हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इस अभियान का नेतृत्व 'आप' के जिला अध्यक्ष सुरेंद्र बेनीवाल ने किया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपने हस्ताक्षर कर विरोध दर्ज कराया।
पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने केंद्र और संबंधित प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली में सुंदरकांड के पाठ के साथ इस देशव्यापी अभियान की शुरुआत की गई है। नेताओं का आरोप है कि राम मंदिर निर्माण के चंदे में हुए करोड़ों रुपये के कथित गबन के मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है "इस मामले में केवल छोटे स्तर के कर्मचारियों पर कार्रवाई की जा रही है, जबकि बड़े और वास्तविक जिम्मेदार लोगों को बचाने की कोशिश हो रही है। हमारी मांग है कि इस घोटाले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए ताकि असली चेहरे बेनकाब हो सकें। सुरेंद्र बेनीवाल, जिला अध्यक्ष (AAP)
पार्टी नेताओं ने कहा कि देश के करोड़ों लोगों की आस्था राम मंदिर से जुड़ी हुई है। ऐसे पवित्र कार्य के लिए दिए गए चंदे में हेराफेरी से श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं। इस अभियान के माध्यम से जनता के आक्रोश और उनकी मांग को सीधे सरकार तक पहुँचाया जाएगा।
दुलमाना में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान राजस्थान सचिव राजवीर माली, ऑटो/टैक्सी विंग के जिला अध्यक्ष हरजीत सिंह मियाने और राकेश मोसलपुरिया सहित कई स्थानीय पार्टी कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे।
लालबहादुर भाखर संवाददाता
9875131305
7014718676☎️☎️📞📞✍🏻✍🏻✅✅

राम मंदिर 'चंदा घोटाला' मामले में AAP का हल्लाबोल: पीलीबंगा के दुलमाना में चलाया हस्ताक्षर अभियान #lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar पीलीबंगा/हनुमानगढ़ #लालबहादुर_भाखर अयोध्या राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा घोटाले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने देशव्यापी मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के आह्वान पर रविवार को हनुमानगढ़ जिले की पीलीबंगा विधानसभा क्षेत्र के दुलमाना गांव में एक व्यापक हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इस अभियान का नेतृत्व 'आप' के जिला अध्यक्ष सुरेंद्र बेनीवाल ने किया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपने हस्ताक्षर कर विरोध दर्ज कराया। पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने केंद्र और संबंधित प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली में सुंदरकांड के पाठ के साथ इस देशव्यापी अभियान की शुरुआत की गई है। नेताओं का आरोप है कि राम मंदिर निर्माण के चंदे में हुए करोड़ों रुपये के कथित गबन के मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है "इस मामले में केवल छोटे स्तर के कर्मचारियों पर कार्रवाई की जा रही है, जबकि बड़े और वास्तविक जिम्मेदार लोगों को बचाने की कोशिश हो रही है। हमारी मांग है कि इस घोटाले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए ताकि असली चेहरे बेनकाब हो सकें। सुरेंद्र बेनीवाल, जिला अध्यक्ष (AAP) पार्टी नेताओं ने कहा कि देश के करोड़ों लोगों की आस्था राम मंदिर से जुड़ी हुई है। ऐसे पवित्र कार्य के लिए दिए गए चंदे में हेराफेरी से श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं। इस अभियान के माध्यम से जनता के आक्रोश और उनकी मांग को सीधे सरकार तक पहुँचाया जाएगा। दुलमाना में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान राजस्थान सचिव राजवीर माली, ऑटो/टैक्सी विंग के जिला अध्यक्ष हरजीत सिंह मियाने और राकेश मोसलपुरिया सहित कई स्थानीय पार्टी कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे। लालबहादुर भाखर संवाददाता 9875131305 7014718676☎️☎️📞📞✍🏻✍🏻✅✅

Pilibanga, Hanumangarh | Jul 15, 2026

अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ और राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) ने जिला मुख्यालय पर किया जोरदार प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री का पुतला दहन, मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा
#lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar 
हनुमानगढ़, 15 जुलाई, #लालबहादुर_भाखर :-राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) के प्रांतीय आह्वान पर आज जिला मुख्यालय हनुमानगढ़ पर शिक्षकों ने नीतिपूर्ण, पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति सहित विभिन्न शिक्षक एवं कर्मचारी हितों की मांगों को लेकर विशाल प्रदर्शन किया। पटवार विश्रांति भवन से कलेक्ट्रेट तक रैली निकालते हुए शिक्षकों ने राज्य सरकार की शिक्षक विरोधी नीतियों के विरुद्ध नारेबाजी की तथा शिक्षा मंत्री का पुतला दहन कर मुख्यमंत्री के नाम जिला प्रशासन के माध्यम से तीन अलग-अलग ज्ञापन सौंपे।

संगठन के जिला मंत्री राम निवास ने कहा कि वर्तमान स्थानांतरण प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा है तथा मानवीय संवेदनाओं की अनदेखी करते हुए अनेक शिक्षकों को प्रताड़ित किया गया है। शिक्षकों ने मांग की कि मनमाने एवं प्रतिशोध की भावना से किए गए स्थानांतरण तत्काल निरस्त किए जाएं तथा सभी संवर्गों के लिए पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति लागू की जाए। साथ ही तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण भी शीघ्र प्रारंभ किए जाएं।

संगठन जिला अध्यक्ष जगनंदन सिंह ने बताया कि वर्तमान में द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती परीक्षा एवं ओबीसी सर्वे जैसे कार्य एक साथ संचालित होने से शिक्षकों पर अत्यधिक कार्यभार पड़ रहा है। कई शिक्षकों की दोनों कार्यों में एक साथ ड्यूटी लगाई गई है, जबकि परीक्षा अवधि में सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक लगातार ड्यूटी ली जा रही है। इससे न केवल शिक्षकों के स्वास्थ्य एवं पारिवारिक जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है, बल्कि विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई और राजकीय विद्यालयों के नामांकन पर भी नकारात्मक असर पड़ा है।

सतीश चोपड़ा ने ज्ञापन में परीक्षा ड्यूटी एकल शिफ्ट में लगाने, ड्यूटी का रोटेशन लागू करने, गंभीर बीमार शिक्षकों को राहत देने, रिजर्व ड्यूटी वालों की उपस्थिति सुनिश्चित करने, लंबित परीक्षा मानदेय का भुगतान, वर्ष 2012 के संशोधित परिणाम की अंतिम मेरिट सूची जारी करने, बीएलओ कार्य से शिक्षकों को मुक्त करने तथा शिक्षकों के मूल शिक्षण कार्य को प्राथमिकता देने सहित विभिन्न मांगें उठाई गईं।

अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ की ओर से दिए गए ज्ञापन में महासंघ के जिला अध्यक्ष चंद्रभान ज्याणी के रामगढ़ (जैसलमेर) स्थानांतरण पर कड़ा विरोध व्यक्त किया गया। महासंघ ने इसे कर्मचारी नेतृत्व को प्रताड़ित करने वाली कार्रवाई बताते हुए उनका स्थानांतरण निरस्त कर हनुमानगढ़ में ही पदस्थापन की मांग की।

महासंघ  जिला अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि निर्धारित समय-सीमा के बाद 11 एवं 12 जुलाई को जारी ऑफलाइन स्थानांतरण आदेशों से पारदर्शिता पर प्रश्न उठे हैं। इसलिए इन आदेशों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा बिना विकल्प (Option) वाले कर्मचारियों के स्थानांतरण निरस्त करने की मांग की गई।
राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) एवं अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि शिक्षकों एवं कर्मचारियों की न्यायोचित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार चरणबद्ध लोकतांत्रिक आंदोलन को और तेज किया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार एवं प्रशासन की होगी।
राम निवास जिला मंत्री 
अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ 
राजस्थान शिक्षक संघ हनुमानगढ़ 
9812571600

अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ और राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) ने जिला मुख्यालय पर किया जोरदार प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री का पुतला दहन, मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा #lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar हनुमानगढ़, 15 जुलाई, #लालबहादुर_भाखर :-राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) के प्रांतीय आह्वान पर आज जिला मुख्यालय हनुमानगढ़ पर शिक्षकों ने नीतिपूर्ण, पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति सहित विभिन्न शिक्षक एवं कर्मचारी हितों की मांगों को लेकर विशाल प्रदर्शन किया। पटवार विश्रांति भवन से कलेक्ट्रेट तक रैली निकालते हुए शिक्षकों ने राज्य सरकार की शिक्षक विरोधी नीतियों के विरुद्ध नारेबाजी की तथा शिक्षा मंत्री का पुतला दहन कर मुख्यमंत्री के नाम जिला प्रशासन के माध्यम से तीन अलग-अलग ज्ञापन सौंपे। संगठन के जिला मंत्री राम निवास ने कहा कि वर्तमान स्थानांतरण प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा है तथा मानवीय संवेदनाओं की अनदेखी करते हुए अनेक शिक्षकों को प्रताड़ित किया गया है। शिक्षकों ने मांग की कि मनमाने एवं प्रतिशोध की भावना से किए गए स्थानांतरण तत्काल निरस्त किए जाएं तथा सभी संवर्गों के लिए पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति लागू की जाए। साथ ही तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण भी शीघ्र प्रारंभ किए जाएं। संगठन जिला अध्यक्ष जगनंदन सिंह ने बताया कि वर्तमान में द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती परीक्षा एवं ओबीसी सर्वे जैसे कार्य एक साथ संचालित होने से शिक्षकों पर अत्यधिक कार्यभार पड़ रहा है। कई शिक्षकों की दोनों कार्यों में एक साथ ड्यूटी लगाई गई है, जबकि परीक्षा अवधि में सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक लगातार ड्यूटी ली जा रही है। इससे न केवल शिक्षकों के स्वास्थ्य एवं पारिवारिक जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है, बल्कि विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई और राजकीय विद्यालयों के नामांकन पर भी नकारात्मक असर पड़ा है। सतीश चोपड़ा ने ज्ञापन में परीक्षा ड्यूटी एकल शिफ्ट में लगाने, ड्यूटी का रोटेशन लागू करने, गंभीर बीमार शिक्षकों को राहत देने, रिजर्व ड्यूटी वालों की उपस्थिति सुनिश्चित करने, लंबित परीक्षा मानदेय का भुगतान, वर्ष 2012 के संशोधित परिणाम की अंतिम मेरिट सूची जारी करने, बीएलओ कार्य से शिक्षकों को मुक्त करने तथा शिक्षकों के मूल शिक्षण कार्य को प्राथमिकता देने सहित विभिन्न मांगें उठाई गईं। अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ की ओर से दिए गए ज्ञापन में महासंघ के जिला अध्यक्ष चंद्रभान ज्याणी के रामगढ़ (जैसलमेर) स्थानांतरण पर कड़ा विरोध व्यक्त किया गया। महासंघ ने इसे कर्मचारी नेतृत्व को प्रताड़ित करने वाली कार्रवाई बताते हुए उनका स्थानांतरण निरस्त कर हनुमानगढ़ में ही पदस्थापन की मांग की। महासंघ जिला अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि निर्धारित समय-सीमा के बाद 11 एवं 12 जुलाई को जारी ऑफलाइन स्थानांतरण आदेशों से पारदर्शिता पर प्रश्न उठे हैं। इसलिए इन आदेशों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा बिना विकल्प (Option) वाले कर्मचारियों के स्थानांतरण निरस्त करने की मांग की गई। राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) एवं अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि शिक्षकों एवं कर्मचारियों की न्यायोचित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार चरणबद्ध लोकतांत्रिक आंदोलन को और तेज किया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार एवं प्रशासन की होगी। राम निवास जिला मंत्री अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ राजस्थान शिक्षक संघ हनुमानगढ़ 9812571600

Pilibanga, Hanumangarh | Jul 15, 2026

अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ और राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) ने जिला मुख्यालय पर किया जोरदार प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री का पुतला दहन, मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा
#lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar 
हनुमानगढ़, 15 जुलाई, #लालबहादुर_भाखर :-राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) के प्रांतीय आह्वान पर आज जिला मुख्यालय हनुमानगढ़ पर शिक्षकों ने नीतिपूर्ण, पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति सहित विभिन्न शिक्षक एवं कर्मचारी हितों की मांगों को लेकर विशाल प्रदर्शन किया। पटवार विश्रांति भवन से कलेक्ट्रेट तक रैली निकालते हुए शिक्षकों ने राज्य सरकार की शिक्षक विरोधी नीतियों के विरुद्ध नारेबाजी की तथा शिक्षा मंत्री का पुतला दहन कर मुख्यमंत्री के नाम जिला प्रशासन के माध्यम से तीन अलग-अलग ज्ञापन सौंपे।

संगठन के जिला मंत्री राम निवास ने कहा कि वर्तमान स्थानांतरण प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा है तथा मानवीय संवेदनाओं की अनदेखी करते हुए अनेक शिक्षकों को प्रताड़ित किया गया है। शिक्षकों ने मांग की कि मनमाने एवं प्रतिशोध की भावना से किए गए स्थानांतरण तत्काल निरस्त किए जाएं तथा सभी संवर्गों के लिए पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति लागू की जाए। साथ ही तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण भी शीघ्र प्रारंभ किए जाएं।

संगठन जिला अध्यक्ष जगनंदन सिंह ने बताया कि वर्तमान में द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती परीक्षा एवं ओबीसी सर्वे जैसे कार्य एक साथ संचालित होने से शिक्षकों पर अत्यधिक कार्यभार पड़ रहा है। कई शिक्षकों की दोनों कार्यों में एक साथ ड्यूटी लगाई गई है, जबकि परीक्षा अवधि में सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक लगातार ड्यूटी ली जा रही है। इससे न केवल शिक्षकों के स्वास्थ्य एवं पारिवारिक जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है, बल्कि विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई और राजकीय विद्यालयों के नामांकन पर भी नकारात्मक असर पड़ा है।

सतीश चोपड़ा ने ज्ञापन में परीक्षा ड्यूटी एकल शिफ्ट में लगाने, ड्यूटी का रोटेशन लागू करने, गंभीर बीमार शिक्षकों को राहत देने, रिजर्व ड्यूटी वालों की उपस्थिति सुनिश्चित करने, लंबित परीक्षा मानदेय का भुगतान, वर्ष 2012 के संशोधित परिणाम की अंतिम मेरिट सूची जारी करने, बीएलओ कार्य से शिक्षकों को मुक्त करने तथा शिक्षकों के मूल शिक्षण कार्य को प्राथमिकता देने सहित विभिन्न मांगें उठाई गईं।

अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ की ओर से दिए गए ज्ञापन में महासंघ के जिला अध्यक्ष चंद्रभान ज्याणी के रामगढ़ (जैसलमेर) स्थानांतरण पर कड़ा विरोध व्यक्त किया गया। महासंघ ने इसे कर्मचारी नेतृत्व को प्रताड़ित करने वाली कार्रवाई बताते हुए उनका स्थानांतरण निरस्त कर हनुमानगढ़ में ही पदस्थापन की मांग की।

महासंघ  जिला अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि निर्धारित समय-सीमा के बाद 11 एवं 12 जुलाई को जारी ऑफलाइन स्थानांतरण आदेशों से पारदर्शिता पर प्रश्न उठे हैं। इसलिए इन आदेशों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा बिना विकल्प (Option) वाले कर्मचारियों के स्थानांतरण निरस्त करने की मांग की गई।
राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) एवं अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि शिक्षकों एवं कर्मचारियों की न्यायोचित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार चरणबद्ध लोकतांत्रिक आंदोलन को और तेज किया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार एवं प्रशासन की होगी।
राम निवास जिला मंत्री 
अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ 
राजस्थान शिक्षक संघ हनुमानगढ़ 
9812571600

अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ और राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) ने जिला मुख्यालय पर किया जोरदार प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री का पुतला दहन, मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा #lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar हनुमानगढ़, 15 जुलाई, #लालबहादुर_भाखर :-राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) के प्रांतीय आह्वान पर आज जिला मुख्यालय हनुमानगढ़ पर शिक्षकों ने नीतिपूर्ण, पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति सहित विभिन्न शिक्षक एवं कर्मचारी हितों की मांगों को लेकर विशाल प्रदर्शन किया। पटवार विश्रांति भवन से कलेक्ट्रेट तक रैली निकालते हुए शिक्षकों ने राज्य सरकार की शिक्षक विरोधी नीतियों के विरुद्ध नारेबाजी की तथा शिक्षा मंत्री का पुतला दहन कर मुख्यमंत्री के नाम जिला प्रशासन के माध्यम से तीन अलग-अलग ज्ञापन सौंपे। संगठन के जिला मंत्री राम निवास ने कहा कि वर्तमान स्थानांतरण प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा है तथा मानवीय संवेदनाओं की अनदेखी करते हुए अनेक शिक्षकों को प्रताड़ित किया गया है। शिक्षकों ने मांग की कि मनमाने एवं प्रतिशोध की भावना से किए गए स्थानांतरण तत्काल निरस्त किए जाएं तथा सभी संवर्गों के लिए पारदर्शी एवं स्थायी स्थानांतरण नीति लागू की जाए। साथ ही तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण भी शीघ्र प्रारंभ किए जाएं। संगठन जिला अध्यक्ष जगनंदन सिंह ने बताया कि वर्तमान में द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती परीक्षा एवं ओबीसी सर्वे जैसे कार्य एक साथ संचालित होने से शिक्षकों पर अत्यधिक कार्यभार पड़ रहा है। कई शिक्षकों की दोनों कार्यों में एक साथ ड्यूटी लगाई गई है, जबकि परीक्षा अवधि में सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक लगातार ड्यूटी ली जा रही है। इससे न केवल शिक्षकों के स्वास्थ्य एवं पारिवारिक जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है, बल्कि विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई और राजकीय विद्यालयों के नामांकन पर भी नकारात्मक असर पड़ा है। सतीश चोपड़ा ने ज्ञापन में परीक्षा ड्यूटी एकल शिफ्ट में लगाने, ड्यूटी का रोटेशन लागू करने, गंभीर बीमार शिक्षकों को राहत देने, रिजर्व ड्यूटी वालों की उपस्थिति सुनिश्चित करने, लंबित परीक्षा मानदेय का भुगतान, वर्ष 2012 के संशोधित परिणाम की अंतिम मेरिट सूची जारी करने, बीएलओ कार्य से शिक्षकों को मुक्त करने तथा शिक्षकों के मूल शिक्षण कार्य को प्राथमिकता देने सहित विभिन्न मांगें उठाई गईं। अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ की ओर से दिए गए ज्ञापन में महासंघ के जिला अध्यक्ष चंद्रभान ज्याणी के रामगढ़ (जैसलमेर) स्थानांतरण पर कड़ा विरोध व्यक्त किया गया। महासंघ ने इसे कर्मचारी नेतृत्व को प्रताड़ित करने वाली कार्रवाई बताते हुए उनका स्थानांतरण निरस्त कर हनुमानगढ़ में ही पदस्थापन की मांग की। महासंघ जिला अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि निर्धारित समय-सीमा के बाद 11 एवं 12 जुलाई को जारी ऑफलाइन स्थानांतरण आदेशों से पारदर्शिता पर प्रश्न उठे हैं। इसलिए इन आदेशों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा बिना विकल्प (Option) वाले कर्मचारियों के स्थानांतरण निरस्त करने की मांग की गई। राजस्थान शिक्षक संघ (STFI) एवं अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि शिक्षकों एवं कर्मचारियों की न्यायोचित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार चरणबद्ध लोकतांत्रिक आंदोलन को और तेज किया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार एवं प्रशासन की होगी। राम निवास जिला मंत्री अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ राजस्थान शिक्षक संघ हनुमानगढ़ 9812571600

Pilibanga, Hanumangarh | Jul 15, 2026

राम मंदिर 'चंदा घोटाला' मामले में AAP का हल्लाबोल: पीलीबंगा के दुलमाना में चलाया हस्ताक्षर अभियान
#lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar 
पीलीबंगा/हनुमानगढ़ #लालबहादुर_भाखर 
अयोध्या राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा घोटाले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने देशव्यापी मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के आह्वान पर रविवार को हनुमानगढ़ जिले की पीलीबंगा विधानसभा क्षेत्र के दुलमाना गांव में एक व्यापक हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इस अभियान का नेतृत्व 'आप' के जिला अध्यक्ष सुरेंद्र बेनीवाल ने किया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपने हस्ताक्षर कर विरोध दर्ज कराया।
पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने केंद्र और संबंधित प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली में सुंदरकांड के पाठ के साथ इस देशव्यापी अभियान की शुरुआत की गई है। नेताओं का आरोप है कि राम मंदिर निर्माण के चंदे में हुए करोड़ों रुपये के कथित गबन के मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है "इस मामले में केवल छोटे स्तर के कर्मचारियों पर कार्रवाई की जा रही है, जबकि बड़े और वास्तविक जिम्मेदार लोगों को बचाने की कोशिश हो रही है। हमारी मांग है कि इस घोटाले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए ताकि असली चेहरे बेनकाब हो सकें। सुरेंद्र बेनीवाल, जिला अध्यक्ष (AAP)
पार्टी नेताओं ने कहा कि देश के करोड़ों लोगों की आस्था राम मंदिर से जुड़ी हुई है। ऐसे पवित्र कार्य के लिए दिए गए चंदे में हेराफेरी से श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं। इस अभियान के माध्यम से जनता के आक्रोश और उनकी मांग को सीधे सरकार तक पहुँचाया जाएगा।
दुलमाना में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान राजस्थान सचिव राजवीर माली, ऑटो/टैक्सी विंग के जिला अध्यक्ष हरजीत सिंह मियाने और राकेश मोसलपुरिया सहित कई स्थानीय पार्टी कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे।
लालबहादुर भाखर संवाददाता
9875131305
7014718676☎️☎️📞📞✍🏻✍🏻✅✅

राम मंदिर 'चंदा घोटाला' मामले में AAP का हल्लाबोल: पीलीबंगा के दुलमाना में चलाया हस्ताक्षर अभियान #lalbahadurbhakharjournlist L.b. Bhakhar पीलीबंगा/हनुमानगढ़ #लालबहादुर_भाखर अयोध्या राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा घोटाले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने देशव्यापी मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के आह्वान पर रविवार को हनुमानगढ़ जिले की पीलीबंगा विधानसभा क्षेत्र के दुलमाना गांव में एक व्यापक हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इस अभियान का नेतृत्व 'आप' के जिला अध्यक्ष सुरेंद्र बेनीवाल ने किया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपने हस्ताक्षर कर विरोध दर्ज कराया। पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने केंद्र और संबंधित प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली में सुंदरकांड के पाठ के साथ इस देशव्यापी अभियान की शुरुआत की गई है। नेताओं का आरोप है कि राम मंदिर निर्माण के चंदे में हुए करोड़ों रुपये के कथित गबन के मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है "इस मामले में केवल छोटे स्तर के कर्मचारियों पर कार्रवाई की जा रही है, जबकि बड़े और वास्तविक जिम्मेदार लोगों को बचाने की कोशिश हो रही है। हमारी मांग है कि इस घोटाले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए ताकि असली चेहरे बेनकाब हो सकें। सुरेंद्र बेनीवाल, जिला अध्यक्ष (AAP) पार्टी नेताओं ने कहा कि देश के करोड़ों लोगों की आस्था राम मंदिर से जुड़ी हुई है। ऐसे पवित्र कार्य के लिए दिए गए चंदे में हेराफेरी से श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं। इस अभियान के माध्यम से जनता के आक्रोश और उनकी मांग को सीधे सरकार तक पहुँचाया जाएगा। दुलमाना में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान राजस्थान सचिव राजवीर माली, ऑटो/टैक्सी विंग के जिला अध्यक्ष हरजीत सिंह मियाने और राकेश मोसलपुरिया सहित कई स्थानीय पार्टी कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे। लालबहादुर भाखर संवाददाता 9875131305 7014718676☎️☎️📞📞✍🏻✍🏻✅✅

Pilibanga, Hanumangarh | Jul 15, 2026

चाइनीस एल ई डी लाइट का वाहनों में बढ़ रहा है प्रयोग 
जिसकी वजह से सामने आने वाला वाहन चालक कुछ देख नहीं पाता
 आंखों के लिए बहुत ही खतरनाक है यह एल ई डी लाइटे नेत्र विशेषज्ञों का कहना है 
यातायात विभाग को हादसों की रोकथाम के लिए इन लाइटों पर प्रतिबंध लगाना चाहिए
हाई-इंटेंसिटी LED और HID लाइट्स: आजकल बहुत से लोग बिना सोचे-समझे गाड़ियों में बेहद तेज़ सफ़ेद रोशनी वाली LED या HID बल्ब्स लगवा लेते हैं।
​आफ्टरमार्केट फ्लैशर और ब्लिंकर्स: कुछ लोग ऐसी लाइटें लगवाते हैं जो लगातार झपकती (blink करती) रहती हैं, जिससे पीछे या सामने वाले का ध्यान पूरी तरह भटक जाता है।
चकाचौंध (Glaring Effect): जब सामने से आ रहे दुपहिया वाहन की तेज़ सफ़ेद लाइट सीधे आँखों पर पड़ती है, तो सामने वाले ड्राइवर को कुछ सेकंड के लिए दिखना बिल्कुल बंद हो जाता है। इसे मेडिकल भाषा में 'नाइफ ब्लाइंडनेस' (Night Blindness/Glare) भी कहते हैं। इन कुछ सेकंड्स में गाड़ी कहाँ जा रही है, अंदाज़ा लगाना मुश्किल होता है।
सड़क की बनावट या गड्ढे न दिखना: अचानक आँखें चौंधिया जाने से सामने चल रहा कोई राहगीर, अचानक आया गड्ढा या मोड़ दिखाई नहीं देता, जिससे गाड़ियां अनियंत्रित हो जाती हैं।
खुद को सुरक्षित रखने के लिए क्या करें?
अगर सामने से कोई ऐसी तेज़ लाइट आ रही हो, तो सीधे उस लाइट की तरफ देखने के बजाय अपनी बाईं (left) तरफ सड़क के किनारे की पट्टी को देखें। इससे आपकी आँखों पर सीधा असर नहीं पड़ेगा और आप गाड़ी पर कंट्रोल रख पाएंगे।
अपनी गाड़ी की हेडलाइट को हमेशा 'लो-बीम' (Low-Beam / डीपर) पर रखें, खासकर शहर के अंदर या जहां सामने से गाड़ियां आ रही हों। 'हाई-बीम' का इस्तेमाल सिर्फ बिल्कुल अंधेरी और खाली सड़कों पर ही करना चाहिए।

चाइनीस एल ई डी लाइट का वाहनों में बढ़ रहा है प्रयोग जिसकी वजह से सामने आने वाला वाहन चालक कुछ देख नहीं पाता आंखों के लिए बहुत ही खतरनाक है यह एल ई डी लाइटे नेत्र विशेषज्ञों का कहना है यातायात विभाग को हादसों की रोकथाम के लिए इन लाइटों पर प्रतिबंध लगाना चाहिए हाई-इंटेंसिटी LED और HID लाइट्स: आजकल बहुत से लोग बिना सोचे-समझे गाड़ियों में बेहद तेज़ सफ़ेद रोशनी वाली LED या HID बल्ब्स लगवा लेते हैं। ​आफ्टरमार्केट फ्लैशर और ब्लिंकर्स: कुछ लोग ऐसी लाइटें लगवाते हैं जो लगातार झपकती (blink करती) रहती हैं, जिससे पीछे या सामने वाले का ध्यान पूरी तरह भटक जाता है। चकाचौंध (Glaring Effect): जब सामने से आ रहे दुपहिया वाहन की तेज़ सफ़ेद लाइट सीधे आँखों पर पड़ती है, तो सामने वाले ड्राइवर को कुछ सेकंड के लिए दिखना बिल्कुल बंद हो जाता है। इसे मेडिकल भाषा में 'नाइफ ब्लाइंडनेस' (Night Blindness/Glare) भी कहते हैं। इन कुछ सेकंड्स में गाड़ी कहाँ जा रही है, अंदाज़ा लगाना मुश्किल होता है। सड़क की बनावट या गड्ढे न दिखना: अचानक आँखें चौंधिया जाने से सामने चल रहा कोई राहगीर, अचानक आया गड्ढा या मोड़ दिखाई नहीं देता, जिससे गाड़ियां अनियंत्रित हो जाती हैं। खुद को सुरक्षित रखने के लिए क्या करें? अगर सामने से कोई ऐसी तेज़ लाइट आ रही हो, तो सीधे उस लाइट की तरफ देखने के बजाय अपनी बाईं (left) तरफ सड़क के किनारे की पट्टी को देखें। इससे आपकी आँखों पर सीधा असर नहीं पड़ेगा और आप गाड़ी पर कंट्रोल रख पाएंगे। अपनी गाड़ी की हेडलाइट को हमेशा 'लो-बीम' (Low-Beam / डीपर) पर रखें, खासकर शहर के अंदर या जहां सामने से गाड़ियां आ रही हों। 'हाई-बीम' का इस्तेमाल सिर्फ बिल्कुल अंधेरी और खाली सड़कों पर ही करना चाहिए।

Pilibanga, Hanumangarh | Jul 15, 2026