विष्णुगढ़: लौट आओ गणेश... मां की करुण पुकार से कांप उठा अलपीटो, नहीं जले घरों में चूल्हे
लौट आओ गणेश... मां की करुण पुकार से कांप उठा अलपीटो, नहीं जले घरों में चूल्हे ...और अधूरी रह गई मां की ममता, चीत्कारों से कांप उठा पूरा गांव नियति का क्रूर काल चक्र जब चलता है, तो पल भर में हँसते-खेलते संसार को उजाड़ कर रख देता है। अलपीटो गांव के जिस आंगन में कल सुबह तक 12 वर्षीय मासूम गणेश की किलकारियां गूंज रही थीं, आज वहां सिर्फ मर्मभेदी चीत्कारें है।