*"शहर भर के नालों की सफाई का 1 साल का ठेका खत्म, भुगतान उठा: RTI में जानकारी नहीं, सब-कॉन्ट्रैक्ट की आशंका"*
*"करोड़ों का ठेका, सफाई निगम से: सब-कॉन्ट्रैक्ट और अनियमितता की जताई आशंका, मांगी उच्च स्तरीय जांच
भीलवाड़ा :राजकुमार गोयल
नगर निगम भीलवाड़ा में नालों की सफाई को लेकर अनियमितता की आशंका जताई गई है। शहर के सभी वार्डों की नालों की सफाई का 1 वर्षीय ठेका एक ही ठेकेदार को दिया गया था। ठेका मार्च-अप्रैल 2026 में समाप्त हो चुका है और सूत्रों के अनुसार उसका भुगतान भी उठाया जा चुका है। लेकिन धरातल पर सफाई का काम निगम कर्मचारियों और निगम की JCB से करवाया गया। RTI और प्रथम अपील के बाद भी निगम जवाब नहीं दे रहा।
*क्या है पूरा मामला?*
पुर सहित शहर के सभी वार्डों में नालों और नालियों में कीचड़ भर जाने से कीटाणु पैदा हो रहे थे और आमजन में गंभीर बीमारियों का डर था। बार-बार अधिकारियों और ठेकेदार को कहने पर भी सफाई नहीं हुई।
इस पर राष्ट्रीय मानवाधिकार पर्यावरण सुरक्षा एवं भ्रष्टाचार निवारण संगठन के जिला अध्यक्ष एवं भाजपा OBC मोर्चा जिला मंत्री *रतनलाल आचार्य* ने मीडिया में आवाज उठाई। खबर का असर यह हुआ कि नगर परिषद स्वास्थ्य निरीक्षक के नेतृत्व में निगम कर्मचारियों और निगम की JCB से नालों की सफाई करवाई गई।
*सब-कॉन्ट्रैक्ट की आशंका, जांच की मांग*
स्थानीय लोगों और सफाई कर्मचारियों में चर्चा है कि शहर के सभी वार्डों की नालों की सफाई का ठेका एक ही ठेकेदार को मिला था, लेकिन धरातल पर काम किसी अन्य के माध्यम से करवाया जा रहा था। इसको लेकर सब-कॉन्ट्रैक्ट की आशंका जताई जा रही है।
रतनलाल आचार्य ने कहा कि "अगर सब-कॉन्ट्रैक्ट हुआ है तो यह नियमों का उल्लंघन है। ठेका समाप्त होने के बाद भी भुगतान कैसे हुआ और काम किसने किया, इसकी पारदर्शिता जरूरी है।"
*RTI में भी चुप्पी*
इसी अनियमितता का खुलासा करने के लिए रतनलाल आचार्य ने 10 अप्रैल 2026 को RTI लगाकर पूछा कि ठेका किसे दिया, कितना भुगतान हुआ, सफाई के फोटो-वीडियो कहां हैं। 30 दिन में जवाब नहीं मिलने पर 10 जून 2026 को प्रथम अपील भी लगाई। लेकिन 2 महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी लोक सूचना अधिकारी ने कोई जानकारी नहीं दी।
*आगे की मांग*
रतनलाल आचार्य ने कहा कि "जनता के टैक्स के पैसे का दुरुपयोग नहीं होने देंगे। 7 दिन में सूचना नहीं मिलने पर मैं राज्य सूचना आयोग में द्वितीय अपील करूंगा। साथ ही संगठन द्वारा जिलाधीश भीलवाड़ा को पत्र लिखकर पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की जाएगी। ताकि यह स्पष्ट हो सके कि ठेका किस शर्त पर दिया गया, काम किसने किया और भुगतान किस आधार पर हुआ।"
उन्होंने आमजन की समस्या उठाने के लिए सभी मीडिया बंधुओं का आभार व्यक्त किया
Bhilwara, Bhilwara | Jul 9, 2026