मुख्यमंत्री के पन्ना आगमन से पहले ही ज़िले के कलेक्टर कार्यालय परिसर के गेट पर आशा कार्यकर्ता कड़ाके की ठंड में दिन–रात धरने पर बैठने को मजबूर हैं। 17 नवंबर रात 9 बजे मीडिया को मिली जानकारी के मुताबिक, आशा कार्यकर्ता चार महीने से वेतन न मिलने से नाराज़ हैं। कई बार शिकायत और ज्ञापन देने के बाद भी जब समस्या का समाधान नहीं हुआ।