बाबा भुवनेश्वर नाथ मंदिर, देकुली धाम, शिवहर में श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम: जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने किया निरीक्षण,
श्रावणी मेला के अवसर पर आगामी रविवार और सोमवार को बाबा भुवनेश्वर नाथ मंदिर, देकुली धाम में जलाभिषेक एवं पूजा के लिए उमड़ने वाली भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए आज दिनांक-27.07.2026 को जिलाधिकारी (DM) और पुलिस अधीक्षक (SP) महोदय ने देकुली धाम का संयुक्त निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने मंदिर परिसर, घाटों और आस-पास के क्षेत्रों का जायजा लिया तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सुविधा के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
1. भीड़ प्रबंधन और दर्शन व्यवस्था (Queue Management):
•रविवार और विशेषकर सोमवार को भीड़ की अधिक संभावना को देखते हुए कतार प्रबंधन के लिए उचित बैरिकेडिंग (Barricading) की व्यवस्था की जाएगी।
•श्रद्धालुओं का प्रवेश परिसर के उत्तरी छोर (North end) से सुनिश्चित किया जाएगा।
•किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए एक अलग से रास्ता तैयार किया गया है।
•मंदिर के मुख्य द्वार (Main gate) को आवागमन के लिए पूरी तरह से खाली रखा जाएगा।
•सोमवार को रात्रि 2 बजे से ही जलधारी की प्रारंभ हो जाएगी।
श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे प्लेटफॉर्म पर पूजा न करें, बल्कि इसके लिए बनाए गए नए शेड (Shade) में ही पूजा-अर्चना करें।
2. सुरक्षा और आपातकालीन सेवाएं:
•चूंकि अधिकतर लोग डुब्बा घाट से जल भरते हैं। मंदिर परिसर में अवस्थित तालाब से भी जल भरा जाता है। तालाब के दोनों तरफ से तीखा ढलान (Sloping) होने के कारण है,सुरक्षा के दृष्टिगत घाट एवं मंदिर के तालाब पर NDRF, SDRF और आपदा मित्रों की तैनाती की जाएगी।
•परिसर में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विशेष निगरानी रखी जाएगी।
सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के सुचारू रूप से काम करने की जांच की गई है और इनकी संख्या भी बढ़ाई जा रही है।
•भीड़ को नियंत्रित करने और सहायता के लिए पर्याप्त संख्या में स्वयंसेवकों (Volunteers) को तैनात किया जाएगा।
•किसी भी आपात स्थिति के लिए फायर ब्रिगेड और मेडिकल टीम की उचित व्यवस्था रहेगी।
3. यातायात एवं पार्किंग व्यवस्था:
•वाहनों की पार्किंग के लिए डुब्बा घाट बांध के नीचे दोनों तरफ पार्किंग की सुदृढ़ व्यवस्था की गई है। मंदिर परिसर से थोड़ा हट कर दुपहिया वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था की जाएगी
•यातायात (Traffic) प्रबंधन के लिए मार्गों (मोतिहारी-पिपराही, मुजफ्फरपुर-तरियानी) को व्यवस्थित किया गया है।
4. दुकानदारों के लिए निर्देश:
•मेला परिसर में दुकान लगाने वाले सभी लोगों को जगह दी जाएगी।
•यह सुनिश्चित किया गया है कि एक परिवार से केवल एक ही दुकान लगाई जाए।
5. श्रद्धालुओं के लिए बुनियादी सुविधाएं:
•महिलाओं और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए चेंजिंग रूम (Changing room) बनाए गए हैं।
•PHED विभाग की ओर से चलंत शौचालय (Mobile Toilets) की व्यवस्था की गई है।
•पीने के पानी (Drinking water) और नियंत्रण कक्ष (Control) की भी व्यवस्था घाट पर सुनिश्चित की गई है।
जिला प्रशासन सभी श्रद्धालुओं से अपील करता है कि वे प्रशासन द्वारा बनाए गए नियमों का पालन करें और शांतिपूर्ण तरीके से दर्शन एवं पूजा-अर्चना संपन्न करें।