विश्वामित्र सेना के आह्वान पर बक्सर की राजनीति में नई हलचल देखने को मिल रही है। विश्वामित्र सेना ने ये साफ कहा था कि “बक्सर की धरती पर बाहरी उम्मीदवारों के लिए अब कोई स्थान नहीं है।" सेना के इस संदेश के बाद स्थानीय स्तर पर राजनीतिक समीकरण बदलते दिखाई दे रहे हैं। इस बीच स्थानीय की मुद्दे के बीच आईपीएस आनंद के बाद जिले के भाजपा नेताओं में नाराजगी कायम हो गई है