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कनेड में अंडरपास निर्माण की उठी मांग, पंचायत प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधीश को सौंपा ज्ञापन मंडी - मंडी जिले की कनेड पंचायत के प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को पंचायत प्रधान उषा वर्मा की अध्यक्षता में जिलाधीश अपूर्व देवगन से भेंट कर नौलखा–डडौर फोरलेन मार्ग पर कनेड क्षेत्र में शीघ्र अंडरपास निर्माण की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने जनहित और क्षेत्रवासियों की सुरक्षा को देखते हुए इस मांग को अत्यंत आवश्यक बताया। ज्ञापन में कहा गया कि कनेड के आसपास की लगभग 7 से 8 पंचायतों के हजारों लोगों का आवागमन इसी मार्ग से होता है। इसके अलावा कनेड विद्यालय में 500 से अधिक विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जिन्हें प्रतिदिन फोरलेन सड़क पार करनी पड़ती है। सुरक्षित मार्ग नहीं होने के कारण विद्यार्थियों, किसानों, आम नागरिकों और पशुपालकों को लगातार जोखिम उठाना पड़ रहा है। कृषि उपज को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने और पशुओं के आवागमन में भी गंभीर समस्याएं सामने आ रही हैं। प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन को अवगत कराया कि सिविल डिस्पेंसरी, पटवार कार्यालय, पशु चिकित्सालय तथा पंचायत कार्यालय फोरलेन के दूसरी ओर स्थित हैं। ऐसे में मरीजों, बुजुर्गों, महिलाओं और अन्य नागरिकों को सड़क पार करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इन परिस्थितियों को देखते हुए कनेड पंचायत ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर इस स्थान पर शीघ्र अंडरपास निर्माण की मांग की है। इस अवसर पर जिला परिषद महादेव वार्ड की सदस्य किरणा चौहान, बीडीसी सदस्य शिल्पा सैनी, उपप्रधान मनोज कुमार, फोरलेन संघर्ष समिति के विजय ठाकुर, किसान सभा के जोगिन्दर वालिया सहित सभी वार्ड सदस्यों ने क्षेत्र की समस्याओं को प्रशासन के समक्ष रखा। प्रतिनिधिमंडल में व्यापार मंडल के प्रधान राजू राम, स्कूल प्रबंधन समिति के प्रधान संदीप कुमार, किशोरी वालिया, पूर्व प्रधान भूपेन्द्र वालिया, विजय अबरोल, दामोदर चौहान सहित अनेक गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे। प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से जनहित में अंडरपास निर्माण की प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि समय रहते सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्रवासी लोकतांत्रिक तरीके से धरना-प्रदर्शन करेंगे और आवश्यकता पड़ने पर राष्ट्रीय राजमार्ग का घेराव करने के लिए भी विवश होंगे।