देवरिया: डायट में एफएलएन प्रशिक्षण का शुभारंभ, शिक्षकों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षण के लिए किया जाएगा प्रशिक्षित
देवरिया। रामपुर कारखाना स्थित जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) में सीमैट एवं एससीईआरटी के तत्वावधान में आयोजित एफएलएन (Foundational Literacy and Numeracy) प्रशिक्षण का शुभारंभ डायट प्राचार्य डॉ. रामजियावन मौर्य ने मां सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया।
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए डॉ. मौर्य ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन में एफएलएन की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक बच्चे को प्रारंभिक कक्षाओं में पढ़ने, लिखने और गणना करने की आधारभूत दक्षताएं उपलब्ध कराना शिक्षा व्यवस्था का प्रमुख उद्देश्य है। इसके लिए शिक्षकों का नियमित प्रशिक्षण अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागी शिक्षकों को बाल-केंद्रित शिक्षण विधियों, गतिविधि-आधारित अधिगम, मूल्यांकन तकनीकों तथा नवीन शिक्षण सामग्री के प्रभावी उपयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। विभिन्न सत्रों के माध्यम से शिक्षण को अधिक रोचक, प्रभावी और परिणामोन्मुख बनाने पर विशेष जोर रहेगा।
प्रशिक्षण प्रभारी अनिल कुमार तिवारी ने कहा कि यदि कक्षा 1 से 3 तक के बच्चे भाषा और बुनियादी गणितीय कौशल विकसित नहीं कर पाते हैं, तो आगे की कक्षाओं में उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण हो जाती है। उन्होंने कहा कि यह प्रशिक्षण नई शिक्षण तकनीकों को सीखने के साथ-साथ उन्हें विद्यालयों में प्रभावी ढंग से लागू करने का अवसर प्रदान करेगा।
इस अवसर पर प्रशिक्षण के संदर्भदाता राकेश कुमार सिंह, उपेंद्र उपाध्याय, आदित्य नारायण गुप्ता एवं श्रीमती शीला चतुर्वेदी सहित डायट प्रवक्ता सतीश मिश्र, परशुराम यादव, आफताब अहमद, गोविंद गुप्ता, जितेंद्र कुमार एवं सीमा कुमारी उपस्थित रहे। प्रशिक्षण में शामिल एकेडमिक रिसोर्स पर्सन्स (ARP) ने सक्रिय सहभागिता करते हुए अर्जित ज्ञान एवं कौशल का विद्यालयों में प्रभावी उपयोग करने का संकल्प लिया।