बारिश के बीच हालात का जायजा लेने निकले मेयर व कमिश्नर, जानी जल निकासी व्यवस्था की जमीनी हकीकत
मुख्य नाले पर स्क्रीनिंग जाल व अंडरग्राउंड नालों की सफाई में तेजी के दिए निर्देश
सफाई में नालों से निकल रहे मृत पशु व ठोस कचरा, मेयर बोली, नालों को डस्टबिन न बनाएं
यमुनानगर।
मानसून की शुरुआत के साथ ही शहर को जलभराव की समस्या से निजात दिलाने और जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए नगर निगम प्रशासन पूरी तरह से एक्शन मोड में है। वीरवार को लगातार हो रही बारिश के बीच मेयर सुमन बहमनी और नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद ने प्रशासनिक व तकनीकी अधिकारियों की टीम के साथ शहर के विभिन्न इलाकों का दौरा किया। उन्होंने जल निकासी व्यवस्था की जमीनी हकीकत जानी और अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए। उन्होंने अधिकारियों को सेक्टर 17 के मुख्य नाले पर स्क्रीनिंग जाल लगाने और एक कर्मचारी की तैनाती करने के निर्देश दिए। ताकि स्क्रीनिंग जाल में फंसे कचरे को निकाला जा सके। वहीं, जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को जिमखाना क्लब से पंचायत भवन के बीच बने अंडरग्राउंड नाले की सफाई जल्द करने के निर्देश दिए।
मेयर और निगम आयुक्त वीरवार को बारिश के बीच कार्यकारी अभियंता हरीश कुमार, सहायक अभियंता मृणाल जैयसवाल और मुख्य सफाई निरीक्षक हरजीत सिंह, जनस्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग की ओर से एसडीओ रोहित सरोगी और कनिष्ठ अभियंता गौतम शर्मा सहित अन्य के साथ सबसे सेक्टर-17 के मुख्य बड़े नाले पर पहुंचे। उन्होंने नाले की सफाई का बारीकी से निरीक्षण किया। इस दौरान स्थानीय पार्षद विभोर पाहुजा और पार्षद अंकित गोयल ने अपने इलाकों की समस्याओं से उनके समक्ष रखा। निरीक्षण के दौरान मेयर सुमन बहमनी ने नाले पर स्वामी विवेकानंद स्कूल के पास कचरे को रोकने के लिए तुरंत स्क्रीनिंग जाल लगाने और वहां से कचरा निकालने के लिए कर्मचारी को तैनात करने के निर्देश दिए, ताकि पॉलीथिन और अन्य ठोस कचरा आगे जाकर नाले को ब्लॉक न कर सके। इसके बाद वे जिमखाना क्लब से लेकर पंचायत भवन तक बने अंडरग्राउंड (भूमिगत) नाले की स्थिति देखने पहुंचे। मेयर ने अंडरग्राउंड नाले के ढक्कन हटवाकर उसकी स्थिति देखी। मेयर ने जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को जल्द से जल्द उक्त नाले की सफाई कराने के निर्देश दिए। यहां के बाद मेयर व आयुक्त ने प्रोफेसर कॉलोनी और मॉडल टाउन सहित शहर के कई अन्य संवेदनशील और मुख्य नालों का भी जायजा लिया, जहां बारिश होने पर जलभराव की स्थिति बन जाती है। अधिकारियों ने मौके पर पानी के बहाव और नालों में जमा सिल्ट (गाद) की स्थिति को देखा। उन्होंने जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को कहा कि सीवरेज व अंडरग्राउंड नालों की सफाई का कार्य युद्ध स्तर पर चलाकर जल्द से जल्द पूरा किया जाए। मेयर ने स्पष्ट किया कि जल निकासी के काम में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मेयर ने आमजन से अपील की कि वे नालों में ठोस कचरा न फेंके। इससे नाले ब्लॉक होते है और शहर में जलभराव की समस्या उत्पन्न होती है।
-----------
चालू हालात में रखें ड्रेनेज सिस्टम - आयुक्त
नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि बारिश के मौसम में सभी ड्रेनेज सिस्टम चालू हालत में रहें और जहां भी पानी रुकने की समस्या आए, वहां तुरंत मशीनरी और कर्मचारियों को तैनात किया जाए। निचले इलाकों में जलभराव होने पर वहां पंपिंग सेट तैयार रखें, ताकि वहां से समय रहते पानी निकासी की जाए।
--------------
नालों की सफाई में निकल रहे मृत पशु व कपड़ों से भरी बोरियां -
शहर के नालों की सफाई के दौरान चौंकाने वाली तस्वीरें सामने आ रही हैं। सफाई अभियान में नालों से मृत बछड़े, कुत्ते, कपड़ों से भरी बोरियां, प्लास्टिक, पॉलीथिन और अन्य भारी मात्रा में ठोस कचरा निकल रहा है। अधिकारियों ने बताया कि इस तरह का कचरा नालों में फंसने से पानी का प्रवाह बाधित हो जाता है, जिससे बारिश के दौरान जलभराव की समस्या बढ़ जाती है। मेयर सुमन बहमनी ने कहा कि लोग नालों में कूड़ा-कचरा, पशुओं के शव और अन्य अपशिष्ट डालने से बचें। उन्होंने कहा कि शहर की स्वच्छता और बेहतर जल निकासी व्यवस्था बनाए रखने में नागरिकों की भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है। लोगों से अपील की है कि निर्धारित स्थानों पर ही कचरा डालें और नालों को गंदा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फोटो -
अंडरग्राउंड नाले का ढक्कन खुलवा कर सफाई की जमीन हकीकत देखती मेयर, आयुक्त व अन्य।
सेक्टर 17 के नाले की सफाई जांचती मेयर सुमन बहमनी व अन्य।
Jagadhri, Yamuna Nagar | Jul 9, 2026