
नोहर फीडर में दूषित जल प्रवाहित करने की योजना का विधायक अमित चाचाण ने किया विरोध
नोहर 21 जुन हरियाणा सरकार द्वारा हिसार घरघर ड्रेनेज के औद्योगिक एवं शहरी अपशिष्ट युक्त दूषित जल को नोहर फीडर में प्रवाहित करने के लिए प्रस्तावित लिफ्ट परियोजना का नोहर विधायक अमित चाचाण ने कड़ा विरोध किया है। विधायक ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर इस योजना को तत्काल निरस्त करवाने की मांग की है। विधायक ने पत्र में कहा कि नोहर फीडर सीमावर्ती राजस्थान क्षेत्र के अनेक गांवों के लिए सिंचाई और पेयजल का प्रमुख स्रोत है। यदि दूषित जल को फीडर में छोड़ा गया तो कृषि भूमि, भूजल, पशुधन और आमजन के स्वास्थ्य पर गंभीर एवं दीर्घकालीन दुष्प्रभाव पड़ सकते हैं।
उन्होंने बताया कि फेफाना, चारणवासी, मलवाणी, रतनपुरा, चक 16-17 केएनएन , पदमपुरा,गुड़िया, जसाना,रामसरा,भुकरका, टोपरिया, देईदास, है किंकराली, ढाणी लाल खां , पिचकराई, ढण्डेला,सोनडी, भगवान सहित कई गांव इस नोहर फीडर पर निर्भर हैं। ऐसे में दूषित जल का प्रवाह क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों के लिए बड़ी समस्या बन सकता है। पत्र में बताया गया है कि नहरबंदी के दौरान भी नोहर शहर में पीने के पानी के लिए भी इस नहर के माध्यम से पेयजल आपूर्ति होती है।अमित चाचाण ने बताया कहा कि इस परियोजना के संबंध में राजस्थान सरकार की सहमति अथवा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (एनओसी) भी हरियाणा द्वारा नहीं ली गई है । जो की न्याय संगत नहीं है। विधायक ने बताया कि हरियाणा मनमर्जी से राजस्थान की नहरो से छेड़छाड़ कर रहा है। राजस्थान की बिना सहमति के हरियाणा द्वारा कार्य शुरू करना कई सवालिया निशान उठना है। उन्होंने जनहित, पर्यावरण संरक्षण और किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए राज्य सरकार से आवश्यक हस्तक्षेप कर इस प्रस्तावित परियोजना को निरस्त करवाने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्र की जनता के स्वास्थ्य, पर्यावरण और जल स्रोतों की सुरक्षा के लिए इस मामले में शीघ्र कार्रवाई आवश्यक है। विदित रहेगी गत दिनों पंचायत समिति की साधारण सभा की हुई बैठक में भी विधायक अमित चाचाण द्वारा का यह मामला जोर-शोर से उठाया गया था। बैठक इस मामले को लेकर विधायक अमित चाचाण द्वारा सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दिशा निर्देश भी दिए गए थे।