
बघाट बैंक के कथित सबसे बड़े डिफॉल्टर श्याम वर्मा गिरफ्तार, 30 दिन की पुलिस हिरासत में भेजे गए।
सोलन, 28 जुलाई। बघाट अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक से जुड़े बहुचर्चित ऋण वसूली मामले में मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए सोलन पुलिस ने बैंक के कथित सबसे बड़े डिफॉल्टर श्याम वर्मा को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद उन्हें एआरसीएस (सहायक रजिस्ट्रार, सहकारी समितियां) की अदालत में पेश किया गया, जहां सुनवाई के उपरांत अदालत ने उन्हें 30 दिन की पुलिस हिरासत में भेजने के आदेश दिए।
जानकारी के अनुसार, श्याम वर्मा पर बघाट बैंक का ₹10 करोड़ से अधिक का बकाया होने का दावा किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि वे लंबे समय से कार्रवाई से बचते रहे और बैंक से अपने ऋण का पूरा ब्यौरा उपलब्ध न कराने का आरोप लगाते रहे।
श्याम वर्मा सोलन में शराब कारोबार से भी जुड़े रहे हैं। उनके संबंध में यह भी आरोप लगाए जाते रहे हैं कि उन्होंने कुछ लोगों को शराब के ठेके दिलाने का लालच देकर उनके नाम पर ठेके लिए और बाद में उन्हें आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ा। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और मामला विभिन्न स्तरों पर जांच का विषय रहा है।
वहीं, श्याम वर्मा का कहना है कि बघाट बैंक ने आज तक उनके ऊपर दर्ज सभी ऋणों का पूरा और स्पष्ट हिसाब उपलब्ध नहीं कराया। उन्होंने यह भी दावा किया कि बैंक में उनके करोड़ों रुपये मूल्य के शेयर जमा हैं, जिनका समुचित समायोजन नहीं किया गया।
श्याम वर्मा की गिरफ्तारी की पुष्टि एआरसीएस सोलन गिरीश नड्डा ने की है।
इस हाई-प्रोफाइल मामले में अब पुलिस जांच तेज हो गई है। बैंक से जुड़े हजारों खाताधारकों और जमाकर्ताओं की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि जांच में आगे क्या नए तथ्य सामने आते हैं और बकाया राशि की वसूली की प्रक्रिया किस दिशा में बढ़ती है।
Himachal Pradesh, India | Jul 29, 2026