
समाधान शिविर में पूर्व जिला पार्षद ईश्वर मान ने उठाईं जनसमस्याएं : स्वास्थ्य, बिजली, प्रदूषण और अवैध पार्किंग पर प्रशासन को घेरा
भिवानी, 13 जुलाई : भिवानी के समाधान शिविर में सोमवार को पूर्व जिला पार्षद ईश्वर सिंह मान ने जनता के हितों से जुड़ी कई गंभीर समस्याओं को लेकर उपायुक्त को शिकायती पत्र सौंपे। ईश्वर मान ने ग्रामीण इलाकों की चरमराई स्वास्थ्य व बिजली व्यवस्था से लेकर शहर में फैल रहे प्रदूषण और पार्किंग घोटालों पर कड़ा रुख अपनाते हुए प्रशासन से तुरंत कार्रवाई की मांग की है।
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पीएचसी तालु में मेडिकल ऑफिसर की नियुक्ति का मामला
ईश्वर मान ने बताया कि गांव तालु में स्थापित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर क्षेत्र के करीब 8 गांव तालु, मुंढाल कलां, मुंढाल खुर्द, सुखपुरा, जटाई, कुंगड़, भैणी ठाकरान और भैणी जाटान पूरी तरह निर्भर हैं। पिछले करीब 5-6 महीनों से इस अस्पताल में कोई स्थायी मेडिकल ऑफिसर नहीं है। इससे पहले सीएमओ ने चांग पीएचसी के डॉक्टर नरवीर सिंह की ड्यूटी सप्ताह में एक बार शनिवार के लिए लगाई थी, लेकिन अब वे भी पिछले कुछ महीनों से नहीं आ रहे हैं, जिससे 8 गांवों के लोगों को इलाज के लिए भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। इस संबंध में पहले उपायुक्त कार्यालय द्वारा सिविल सर्जन को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा गया था, जिसके बाद उप-सिविल सर्जन ने आदेश जारी कर डॉक्टर नरवीर सिंह की ड्यूटी हर शनिवार को पीएचसी तालु में लगाने की बात कही थी. हालांकि, धरातल पर डॉक्टर न पहुंचने के कारण मान ने अब समाधान शिविर में स्थायी डॉक्टर की नियुक्ति की मांग उठाई है।
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नेहरू पार्क के पास कार पार्किंग में गंदगी और 10 साल से लगा ताला
पूर्व जिल पार्षद ईश्वर मान ने कहा कि भिवानी शहर के बीचों-बीच स्थित शहीद सैनिक स्मारक के पास बनी कार पार्किंग पिछले 10 वर्षों से बंद पड़ी है। मान ने आरोप लगाया कि बंद पड़ी इस पार्किंग के अंदर चारों तरफ भारी मात्रा में कूड़ा डाला जाता है और हर महीने इस कूड़े में आग लगा दी जाती है। इस कारण उठने वाला धुआं और प्रदूषण पास के सरकारी अस्पताल, स्कूल, मुख्य डाकघर, बैंकों, शहीद मदन लाल ढींगरा पार्क, शहीद सैनिक स्मारक, पं. नेकीराम स्वतंत्रता सेनानी चौक, महाराणा प्रताप चौक और नेहरू पार्क सहित नजदीकी बाजारों को बुरी तरह प्रभावित कर रहा है। मान ने बताया कि वह पिछले एक वर्ष में 12 बार इसकी शिकायत दे चुके हैं. उन्होंने एक महत्वपूर्ण तथ्य का जिक्र करते हुए कहा कि 52 वर्ष पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री चौधरी बंसीलाल ने इस पार्किंग की जगह के बदले हांसी रोड पर 10 एकड़ जमीन दी थी, जिसमें सदर थाना, महिला थाना, सीआईए-1 थाना, मंदिर व पार्क, पुलिस कर्मचारी क्वार्टर और सदर के सामने डीएसपी की कोठी बनाई गई थी। इतनी कीमती जमीन देने के बावजूद जनता की इस पार्किंग को आज कूड़ाघर बना दिया गया है।
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आदर्श गांव तालु में चरमराई घरेलू बिजली व्यवस्था
ईश्वर मान ने गांव तालु में बिजली विभाग की लापरवाही को उजागर करते हुए बताया कि काफी समय से गांव की घरेलू बिजली व्यवस्था पूरी तरह से ठप है। गांव में ज्यादातर समय वोल्टेज डीम रहती है। बिजली विभाग को बार-बार शिकायत देने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। पूर्व जिला पार्षद ने मांग की है कि आदर्श गांव तालु को बिजली विभाग बवानी खेड़ा के फीडर से कनेक्शन करके पूरी फुल बिजली सप्लाई दी जाए, ताकि ग्रामीणों को इस समस्या से निजात मिल सके।
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सिंगल यूज़ प्लास्टिक और पॉलिथीन बनाने वाली कंपनियों पर बैन की मांग
पर्यावरण और जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ का मुद्दा उठाते हुए मान ने राज्य सरकार और हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि पूरे हरियाणा के शहरों और गांवों में प्लास्टिक, पॉलिथीन और चाइनीज मांझा धड़ल्ले से बिक रहा है. प्रदूषण बोर्ड के अधिकारी केवल बैनर लगाकर औपचारिकता पूरी करते हैं, लेकिन इसे बनाने वाली कंपनियों पर कोई पूर्ण पाबंदी नहीं लगाई जा रही है।मान ने सीधा आरोप लगाते हुए कहा कि ये कंपनियां अधिकारियों को अंदरखाने मोटा चंदा दे देती हैं, जिसके कारण इन पर पूरी तरह बैन नहीं लग पा रहा है. इस कचरे की वजह से सीवर लाइनें और नाले चोक हो रहे हैं. इसके बाद नगर पालिका, परिषद और निगम हर वर्ष करोड़ों रुपये के टेंडर लगाकर जनता के पैसे का दुरुपयोग करते हैं और चालान के नाम पर छोटे-बड़े दुकानदारों को बेवजह तंग किया जाता है, जो कि सरासर गलत है।
पूर्व जिला पार्षद ईश्वर मान ने कहा कि वे जनता के हित में डीसी और एसपी से अपील करते है कि इन सभी जनसमस्याओं पर तुरंत संज्ञान लिया जाए। चाहे वो तालु गांव में डॉक्टरों और बिजली की व्यवस्था हो, शहरों में अवैध रूप से चल रही पॉलिथीन फैक्ट्रियां हों या फिर नेहरू पार्क के पास बनी पार्किंग को कूड़ाघर से मुक्त कराना हो। प्रशासन को तुरंत और सख्त कार्रवाई करनी होगी ताकि जनता का पैसा और स्वास्थ्य दोनों बचाया जा सके।