सुप्रीम कोर्ट ने पुलिस थानों में लंबे समय से खड़े जब्त वाहनों को लेकर अहम निर्देश दिया है। कोर्ट ने कहा कि छोटी-बड़ी गाड़ियों को थानों में लंबे समय तक खड़ा रखने के बजाय, अंतरिम कस्टडी के लिए मालिकों की ओर से आवेदन आने पर अदालतों को तेजी से फैसला लेना चाहिए।
कोर्ट ने कहा कि थानों के बाहर खड़े रहने से वाहन जर्जर होते हैं और उनके कल-पुर्जे गायब होने का खतरा भी रहता है। ऐसे में वाहनों को बेवजह खड़ा रखने से किसी का फायदा नहीं है।
अदालत ने यह भी कहा कि ट्रायल के दौरान जरूरत पड़ने पर जब्त वाहन के बारे में जानकारी ली जा सकती है। इसके लिए वाहन की **फोटो और वीडियो रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी जानी चाहिए**, ताकि सबूत से समझौता न हो।
यह टिप्पणी सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस प्रशांत कुमार मिश्र और जस्टिस चंद्रशेखर की पीठ ने शराब के अवैध कारोबार में इस्तेमाल एक ट्रक को अंतरिम कस्टडी में देने के मामले की सुनवाई के दौरान की।