
#मध्यप्रदेश भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा किए गए एक वीडियो को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। विवाद की वजह वीडियो में दिखाई गई वह तस्वीर है, जिसे श्री राम राजा मंदिर के अंदर का दृश्य बताया जा रहा है।गौरतलब है कि ओरछा स्थित श्री रामराजा मंदिर में फोटो और वीडियो बनाने पर प्रतिबंध है। मंदिर परिसर में कई स्थानों पर स्पष्ट रूप से सूचना पट्ट लगाए गए हैं, जिनमें श्रद्धालुओं से फोटो और वीडियो न बनाने की अपील की गई है। मंदिर के कर्मचारियों द्वारा भी समय-समय पर श्रद्धालुओं को इस नियम का पालन कराया जाता है और कई बार फोटो खींचने पर श्रद्धालुओं की मंदिर कर्मचारियों से बहस भी होती रहती है।ऐसे में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के सोशल मीडिया पर साझा किए गए वीडियो में मंदिर के अंदर की तस्वीर दिखाई देने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं। यदि मंदिर के अंदर फोटोग्राफी प्रतिबंधित है, तो यह तस्वीर कैसे ली गई? क्या यह नियम केवल आम श्रद्धालुओं पर लागू होता है, या जनप्रतिनिधियों और राजनीतिक पदाधिकारियों पर भी समान रूप से लागू है? यह मामला नियमों के समान अनुपालन और मंदिर की मर्यादा से जुड़ा हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब आम श्रद्धालुओं को फोटो लेने से रोका जाता है, तो फिर किसी भी सार्वजनिक मंच पर मंदिर के प्रतिबंधित हिस्से की तस्वीर का इस्तेमाल कैसे किया जा सकता है।अब निगाहें जिला प्रशासन, मंदिर प्रबंधन और संबंधित अधिकारियों पर हैं कि वे इस पूरे मामले पर क्या स्पष्टीकरण देते हैं। यदि तस्वीर वास्तव में प्रतिबंधित क्षेत्र की है, तो क्या इस मामले में नियमों के अनुसार कार्रवाई होगी, या फिर यह मामला भी सवालों के बीच ही दबकर रह जाएगा?नोट: इस खबर में उठाए गए प्रश्न सार्वजनिक रूप से साझा किए गए वीडियो और मंदिर में लगे प्रतिबंध संबंधी सूचना बोर्ड के आधार पर हैं। यदि संबंधित पक्ष या मंदिर प्रबंधन की ओर से कोई स्पष्टीकरण आता है, तो उसे भी प्रमुखता से दिखाया जाएगा।
.
.
.
#breakingnewswala #hemantkhandelwal #BJP4MP #ShriRamrajaLok
Indore, Indore | Jul 2, 2026