चाकुलिया प्रखंड के बर्डीकानपुर और कालापाथर क्षेत्र के गांवों में बाबई घास स्थानीय ग्रामीणों के लिए रोजगार का प्रमुख साधन बन गई है। पहाड़ी इलाकों और खेतों में पाई जाने वाली इस घास से ग्रामीण रस्सी तैयार कर पश्चिम बंगाल के हाट–बाजारों में बेचकर आय अर्जित कर रहे हैं। क्षेत्र के मधुपुर, भालुकनाला, जोभी और जामीरा गांवों में पुरुष और महिलाएं इन दिनों बाबई घास की क