बाढ़ सुरक्षा को लेकर अपर समाहर्ता ने स्पर 62.95 और 64.95 का किया निरीक्षण, सुरक्षात्मक कार्य शीघ्र पूरा करने का निर्देश
सुपौल। जिले में बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए प्रशासन की ओर से बाढ़ सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन को लेकर लगातार निगरानी की जा रही है। इसी क्रम में शनिवार को अपर समाहर्ता (आपदा), सुपौल द्वारा बाढ़ सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्पर संख्या 62.95 एवं 64.95 का स्थलीय निरीक्षण किया गया। इस दौरान जल संसाधन विभाग (WRD) के कार्यपालक अभियंता एवं ADMO सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान अपर समाहर्ता ने दोनों स्परों की वर्तमान स्थिति का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने स्परों की मजबूती, सुरक्षा व्यवस्था तथा संभावित कटाव की स्थिति का स्थल पर निरीक्षण किया। अधिकारियों से स्परों की वर्तमान स्थिति और अब तक किए गए सुरक्षात्मक कार्यों की जानकारी भी ली गई। साथ ही बाढ़ के दौरान उत्पन्न होने वाली संभावित चुनौतियों को लेकर विभागीय तैयारियों की समीक्षा की गई।
अपर समाहर्ता ने जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंताओं को निर्देश दिया कि बाढ़ सुरक्षा से जुड़े सभी आवश्यक कटाव रोधी एवं सुरक्षात्मक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि नदी के जलस्तर एवं स्परों की स्थिति पर लगातार नजर बनाए रखना आवश्यक है, ताकि किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न होने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को स्परों की सतत निगरानी सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया गया। विशेष रूप से जलस्तर में वृद्धि, नदी के बहाव में बदलाव अथवा कटाव की स्थिति में तत्काल आवश्यक कदम उठाने को कहा गया। अपर समाहर्ता ने स्पष्ट किया कि बाढ़ के दौरान किसी भी संभावित आपात स्थिति से निपटने के लिए विभागीय स्तर पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से तैयार रखी जाएं।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों से कहा कि संवेदनशील स्थलों पर नियमित रूप से निरीक्षण किया जाए तथा यदि कहीं भी कटाव या संरचना में कमजोरी के संकेत मिलते हैं तो तत्काल इसकी सूचना वरीय अधिकारियों को देते हुए आवश्यक सुरक्षात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही मौके पर उपलब्ध संसाधनों और आपदा के समय इस्तेमाल होने वाली व्यवस्थाओं को भी दुरुस्त रखने पर जोर दिया गया।
प्रशासन की ओर से बाढ़ सुरक्षा को लेकर किए जा रहे इस निरीक्षण का उद्देश्य संवेदनशील तटवर्ती एवं स्पर क्षेत्रों की स्थिति पर लगातार नजर रखना और संभावित बाढ़ एवं कटाव से निपटने के लिए समय रहते आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करना है।
अपर समाहर्ता ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि बाढ़ सुरक्षा कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखें, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई की जा सके। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने भी बाढ़ सुरक्षा से संबंधित तैयारियों को लेकर अपनी स्थिति से अपर समाहर्ता को अवगत कराया।
Supaul, Supaul | Sep 26, 2026