भाजपा युवा मोर्चा में जिलाध्यक्ष पद को लेकर राजनीतिक सरगर्मी चरम पर पहुंच गई है। सूत्रों के अनुसार इस बार पद ब्राह्मण कोटे में जाने की संभावना प्रबल है। पिछली बार राजपूत समाज को प्रतिनिधित्व देने के बावजूद पार्टी को अपेक्षित लाभ नहीं मिला, खासकर नगर निगम चुनाव में हार के बाद संगठन की रणनीति पर सवाल उठे।जानकारों का कहना है कि ब्राह्मण वोट बैंक जिले की राजनीति