दीवाली के बाद आने वाला भाई-बहन के स्नेह का प्रतीक पर्व भाई दूज गुरुवार को सुबह 11 बजे से ही मुंगावली में पूरे उत्साह और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। बहनों ने भाइयों के माथे पर तिलक लगाकर उनकी लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना की, वहीं भाइयों ने भी बहनों को उपहार देकर अपना प्रेम व्यक्त किया।